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उसी तरह राहुल ने भी लंबे समय से किसी को चोदा नहीं था तो वो भी जड़ने के करीब आ गया था। जब मुझे लगा मै झड़ने के करीब हूँ तो मैंने अपनी हिम्मत जुटाई और अपने धक्को की गति बढ़ाई और राहुल के लंड को तेजी से अपनी चूत में अंदर बाहर करने लगी।
मेरे ऐसा करते ही राहुल की तेज सिसकियां निकलने लगी और फिर मै भी शुरु हो गयी “आंह आह” करते चिखने लगी। राहुल ने मेरी गांड और कमर के बीच से टाइट पकड़ लिया और अपना लंड कुछ ज्यादा ही मेरी चूत में घुसा दिया और मैंने भी उसको बाहर नहीं निकाला।
उसने अपना पानी मेरी चूत में खाली कर दिया और उसी वक्त मैंने अपनी चूत को सिकोड़ते हुए उसके लंड को निचोड़ सा दिया और खुद भी जड़ गयी।
दोनो ने जड़ने के बाद एक दूसरे के होंठो को चूमते हुए रस लेना शुरु किया. राहुल और मैंने एक दूसरे को धन्यवाद बोला और मै उसके ऊपर से हटी।
................................
आखिरकार मैंने शादीशुदा होकर भी राहुल से एक बार फिर चुदवाया ताकि मैं उसके बच्चे की माँ बन पाऊ। राहुल को उसके ऊपर चढ़कर चोदने के बाद मैं उसके ऊपर से हटी।
इतने दबाव में मेरे मम्मो से 1-2 बूंद दूध निकल कर राहुल के सीने पर निकल गया था। मै शरमाई और राहुल हंसने लगा।
राहुल: “तुम्हे याद हैं एक बार मैंने तुम्हारे मम्मो का दूध दुहने की विनती की थी। उस वक्त तो तूम्हारे मम्मो में दूध नहीं था पर आज तो हैं। आज मै फिर तुम्हारे मम्मो का दूध दुहना चाहता हूँ.”
मैं: “नहीं, बिल्कुल नहीं। यह मेरे बच्चे के हिस्से का दूध हैं, मै दूध को बेकार नहीं होने दूंगी”
राहुल: “दूध तो खाना खाने के बाद फिर से बनता ही रहेगा। चलो, गाय की तरह बैठो”
मैं: “नहीं, वेस्टेज होने से माँ के दूध का अपमान होता हैं”
राहुल: “ठीक हैं, मै तुम्हारी बात का सम्मान करता हूँ। पर सिर्फ एक चुदाई से क्या होगा! बच्चा पैदा करने के लिए तो कई बार चोदना पड़ेगा”
मैं: “मै एक महीना इंडिया में ही हूँ। तब तक जितना जी चाहे चोद लेना। मगर इस शहर में यहाँ तुमसे और रूबी से मिलने मै सिर्फ 2 दिन के लिए आयी थी। फिर मै अपनी माँ पापा के शहर में रहुंगी, तुम्हे इसके बाद अगर मुझे चोदना हैं तो मेरे शहर आना पड़ेगा। अभी मै चलू या और करना हैं?”
राहुल: “थोड़ी देर रुक जाओ, लंच करके हम फिर सेकंड राउंड कर सकते हैं”
मैं: “मेरा 3 महीने का बच्चा घर पर हैं और बड़ा वाला बच्चा भी। रूबी उनका ध्यान रख रही हैं और मै सिर्फ यहाँ तुमसे चुदवाने आयी थी। अभी मुझे जाना हैं”
राहुल: “तो फिर शाम को मै रूबी के घर ही आ जाऊ तुम्हे चोदने के लिए? पता दे दो रूबी के घर का”
मैं: “पता मै देती हूँ, पर थोड़ा लेट ही आना, तब तक बच्चे सो जायेंगे”
उसी तरह राहुल ने भी लंबे समय से किसी को चोदा नहीं था तो वो भी जड़ने के करीब आ गया था। जब मुझे लगा मै झड़ने के करीब हूँ तो मैंने अपनी हिम्मत जुटाई और अपने धक्को की गति बढ़ाई और राहुल के लंड को तेजी से अपनी चूत में अंदर बाहर करने लगी।
मेरे ऐसा करते ही राहुल की तेज सिसकियां निकलने लगी और फिर मै भी शुरु हो गयी “आंह आह” करते चिखने लगी। राहुल ने मेरी गांड और कमर के बीच से टाइट पकड़ लिया और अपना लंड कुछ ज्यादा ही मेरी चूत में घुसा दिया और मैंने भी उसको बाहर नहीं निकाला।
उसने अपना पानी मेरी चूत में खाली कर दिया और उसी वक्त मैंने अपनी चूत को सिकोड़ते हुए उसके लंड को निचोड़ सा दिया और खुद भी जड़ गयी।
दोनो ने जड़ने के बाद एक दूसरे के होंठो को चूमते हुए रस लेना शुरु किया. राहुल और मैंने एक दूसरे को धन्यवाद बोला और मै उसके ऊपर से हटी।
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आखिरकार मैंने शादीशुदा होकर भी राहुल से एक बार फिर चुदवाया ताकि मैं उसके बच्चे की माँ बन पाऊ। राहुल को उसके ऊपर चढ़कर चोदने के बाद मैं उसके ऊपर से हटी।
इतने दबाव में मेरे मम्मो से 1-2 बूंद दूध निकल कर राहुल के सीने पर निकल गया था। मै शरमाई और राहुल हंसने लगा।
राहुल: “तुम्हे याद हैं एक बार मैंने तुम्हारे मम्मो का दूध दुहने की विनती की थी। उस वक्त तो तूम्हारे मम्मो में दूध नहीं था पर आज तो हैं। आज मै फिर तुम्हारे मम्मो का दूध दुहना चाहता हूँ.”
मैं: “नहीं, बिल्कुल नहीं। यह मेरे बच्चे के हिस्से का दूध हैं, मै दूध को बेकार नहीं होने दूंगी”
राहुल: “दूध तो खाना खाने के बाद फिर से बनता ही रहेगा। चलो, गाय की तरह बैठो”
मैं: “नहीं, वेस्टेज होने से माँ के दूध का अपमान होता हैं”
राहुल: “ठीक हैं, मै तुम्हारी बात का सम्मान करता हूँ। पर सिर्फ एक चुदाई से क्या होगा! बच्चा पैदा करने के लिए तो कई बार चोदना पड़ेगा”
मैं: “मै एक महीना इंडिया में ही हूँ। तब तक जितना जी चाहे चोद लेना। मगर इस शहर में यहाँ तुमसे और रूबी से मिलने मै सिर्फ 2 दिन के लिए आयी थी। फिर मै अपनी माँ पापा के शहर में रहुंगी, तुम्हे इसके बाद अगर मुझे चोदना हैं तो मेरे शहर आना पड़ेगा। अभी मै चलू या और करना हैं?”
राहुल: “थोड़ी देर रुक जाओ, लंच करके हम फिर सेकंड राउंड कर सकते हैं”
मैं: “मेरा 3 महीने का बच्चा घर पर हैं और बड़ा वाला बच्चा भी। रूबी उनका ध्यान रख रही हैं और मै सिर्फ यहाँ तुमसे चुदवाने आयी थी। अभी मुझे जाना हैं”
राहुल: “तो फिर शाम को मै रूबी के घर ही आ जाऊ तुम्हे चोदने के लिए? पता दे दो रूबी के घर का”
मैं: “पता मै देती हूँ, पर थोड़ा लेट ही आना, तब तक बच्चे सो जायेंगे”
मैने राहुल को रूबी के घर का पता दिया और अपने कपड़े पहन फिर से रूबी के घर आ गयी। राहुल को चोदने के बाद मेरे पूरे शरीर को बहुत संतुष्टि मिल रही थी।
मैने राहुल को रूबी के घर का पता दिया और अपने कपड़े पहन फिर से रूबी के घर आ गयी। राहुल को चोदने के बाद मेरे पूरे शरीर को बहुत संतुष्टि मिल रही थी।
मेरे ऐसा करते ही राहुल की तेज सिसकियां निकलने लगी और फिर मै भी शुरु हो गयी “आंह आह” करते चिखने लगी। राहुल ने मेरी गांड और कमर के बीच से टाइट पकड़ लिया और अपना लंड कुछ ज्यादा ही मेरी चूत में घुसा दिया और मैंने भी उसको बाहर नहीं निकाला।
उसने अपना पानी मेरी चूत में खाली कर दिया और उसी वक्त मैंने अपनी चूत को सिकोड़ते हुए उसके लंड को निचोड़ सा दिया और खुद भी जड़ गयी।
दोनो ने जड़ने के बाद एक दूसरे के होंठो को चूमते हुए रस लेना शुरु किया. राहुल और मैंने एक दूसरे को धन्यवाद बोला और मै उसके ऊपर से हटी।
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आखिरकार मैंने शादीशुदा होकर भी राहुल से एक बार फिर चुदवाया ताकि मैं उसके बच्चे की माँ बन पाऊ। राहुल को उसके ऊपर चढ़कर चोदने के बाद मैं उसके ऊपर से हटी।
इतने दबाव में मेरे मम्मो से 1-2 बूंद दूध निकल कर राहुल के सीने पर निकल गया था। मै शरमाई और राहुल हंसने लगा।
राहुल: “तुम्हे याद हैं एक बार मैंने तुम्हारे मम्मो का दूध दुहने की विनती की थी। उस वक्त तो तूम्हारे मम्मो में दूध नहीं था पर आज तो हैं। आज मै फिर तुम्हारे मम्मो का दूध दुहना चाहता हूँ.”
मैं: “नहीं, बिल्कुल नहीं। यह मेरे बच्चे के हिस्से का दूध हैं, मै दूध को बेकार नहीं होने दूंगी”
राहुल: “दूध तो खाना खाने के बाद फिर से बनता ही रहेगा। चलो, गाय की तरह बैठो”
मैं: “नहीं, वेस्टेज होने से माँ के दूध का अपमान होता हैं”
राहुल: “ठीक हैं, मै तुम्हारी बात का सम्मान करता हूँ। पर सिर्फ एक चुदाई से क्या होगा! बच्चा पैदा करने के लिए तो कई बार चोदना पड़ेगा”
मैं: “मै एक महीना इंडिया में ही हूँ। तब तक जितना जी चाहे चोद लेना। मगर इस शहर में यहाँ तुमसे और रूबी से मिलने मै सिर्फ 2 दिन के लिए आयी थी। फिर मै अपनी माँ पापा के शहर में रहुंगी, तुम्हे इसके बाद अगर मुझे चोदना हैं तो मेरे शहर आना पड़ेगा। अभी मै चलू या और करना हैं?”
राहुल: “थोड़ी देर रुक जाओ, लंच करके हम फिर सेकंड राउंड कर सकते हैं”
मैं: “मेरा 3 महीने का बच्चा घर पर हैं और बड़ा वाला बच्चा भी। रूबी उनका ध्यान रख रही हैं और मै सिर्फ यहाँ तुमसे चुदवाने आयी थी। अभी मुझे जाना हैं”
राहुल: “तो फिर शाम को मै रूबी के घर ही आ जाऊ तुम्हे चोदने के लिए? पता दे दो रूबी के घर का”
मैं: “पता मै देती हूँ, पर थोड़ा लेट ही आना, तब तक बच्चे सो जायेंगे”
उसी तरह राहुल ने भी लंबे समय से किसी को चोदा नहीं था तो वो भी जड़ने के करीब आ गया था। जब मुझे लगा मै झड़ने के करीब हूँ तो मैंने अपनी हिम्मत जुटाई और अपने धक्को की गति बढ़ाई और राहुल के लंड को तेजी से अपनी चूत में अंदर बाहर करने लगी।
मेरे ऐसा करते ही राहुल की तेज सिसकियां निकलने लगी और फिर मै भी शुरु हो गयी “आंह आह” करते चिखने लगी। राहुल ने मेरी गांड और कमर के बीच से टाइट पकड़ लिया और अपना लंड कुछ ज्यादा ही मेरी चूत में घुसा दिया और मैंने भी उसको बाहर नहीं निकाला।
उसने अपना पानी मेरी चूत में खाली कर दिया और उसी वक्त मैंने अपनी चूत को सिकोड़ते हुए उसके लंड को निचोड़ सा दिया और खुद भी जड़ गयी।
दोनो ने जड़ने के बाद एक दूसरे के होंठो को चूमते हुए रस लेना शुरु किया. राहुल और मैंने एक दूसरे को धन्यवाद बोला और मै उसके ऊपर से हटी।
................................
आखिरकार मैंने शादीशुदा होकर भी राहुल से एक बार फिर चुदवाया ताकि मैं उसके बच्चे की माँ बन पाऊ। राहुल को उसके ऊपर चढ़कर चोदने के बाद मैं उसके ऊपर से हटी।
इतने दबाव में मेरे मम्मो से 1-2 बूंद दूध निकल कर राहुल के सीने पर निकल गया था। मै शरमाई और राहुल हंसने लगा।
राहुल: “तुम्हे याद हैं एक बार मैंने तुम्हारे मम्मो का दूध दुहने की विनती की थी। उस वक्त तो तूम्हारे मम्मो में दूध नहीं था पर आज तो हैं। आज मै फिर तुम्हारे मम्मो का दूध दुहना चाहता हूँ.”
मैं: “नहीं, बिल्कुल नहीं। यह मेरे बच्चे के हिस्से का दूध हैं, मै दूध को बेकार नहीं होने दूंगी”
राहुल: “दूध तो खाना खाने के बाद फिर से बनता ही रहेगा। चलो, गाय की तरह बैठो”
मैं: “नहीं, वेस्टेज होने से माँ के दूध का अपमान होता हैं”
राहुल: “ठीक हैं, मै तुम्हारी बात का सम्मान करता हूँ। पर सिर्फ एक चुदाई से क्या होगा! बच्चा पैदा करने के लिए तो कई बार चोदना पड़ेगा”
मैं: “मै एक महीना इंडिया में ही हूँ। तब तक जितना जी चाहे चोद लेना। मगर इस शहर में यहाँ तुमसे और रूबी से मिलने मै सिर्फ 2 दिन के लिए आयी थी। फिर मै अपनी माँ पापा के शहर में रहुंगी, तुम्हे इसके बाद अगर मुझे चोदना हैं तो मेरे शहर आना पड़ेगा। अभी मै चलू या और करना हैं?”
राहुल: “थोड़ी देर रुक जाओ, लंच करके हम फिर सेकंड राउंड कर सकते हैं”
मैं: “मेरा 3 महीने का बच्चा घर पर हैं और बड़ा वाला बच्चा भी। रूबी उनका ध्यान रख रही हैं और मै सिर्फ यहाँ तुमसे चुदवाने आयी थी। अभी मुझे जाना हैं”
राहुल: “तो फिर शाम को मै रूबी के घर ही आ जाऊ तुम्हे चोदने के लिए? पता दे दो रूबी के घर का”
मैं: “पता मै देती हूँ, पर थोड़ा लेट ही आना, तब तक बच्चे सो जायेंगे”
मैने राहुल को रूबी के घर का पता दिया और अपने कपड़े पहन फिर से रूबी के घर आ गयी। राहुल को चोदने के बाद मेरे पूरे शरीर को बहुत संतुष्टि मिल रही थी।
मैने राहुल को रूबी के घर का पता दिया और अपने कपड़े पहन फिर से रूबी के घर आ गयी। राहुल को चोदने के बाद मेरे पूरे शरीर को बहुत संतुष्टि मिल रही थी।