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अजनबी हमसफर

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अजनबी हमसफर

लेखक

सुनील गुप्ता

रात भर सफ़र कर के थके हुए तीनों दोस्त जल्दी-जल्दी कमरे में पहुंचकर आराम करना चाहते थे और इसी हड़बड़ी और जल्द बाजी में उनके कदम जल्दी-जल्दी होटल के रिसेप्शन की तरफ बढ़ रहे थे ।

तभी न जाने कहां से एक लड़की भागती हुई आई और जोर से सार्थक से टकराई सार्थक गिरते गिरते बचा।

उठ करके उसने जोर से उस लड़की को घूरा और बोला देख के चलिए मैडम अभी में गिर जाता

मुझे माफ कर दीजिए मैंने ध्यान नहीं दिया मेरा ध्यान कहीं और था आई एम सो सॉरी वह लड़की इस तरह सार्थक से टकराने पर झेप गई थी और शर्मिन्दगी से बोली

सार्थक ने कहा कोई बात नहीं अभी आप भी गिर सकती थी थोड़ा ध्यान से चलिए यह कहते हुए उसका उसकी नजर उस लड़की के चेहरे पर पडी

लगभग 25 साल की वह लड़की गेहूंआ रंग था लेकिन नैन नक्श बहुत ही तीखे थे बड़ी बड़ी आंखें जिसमें शर्मिंदगी और डर के मिले-जुले लक्षण तैर रहे थे। पतले पतले ओठ जो न जाने क्यों इस समय सूखे पड़े थे चेहरे पर घबराहट और जल्दबाजी थी ,उसका कद लगभग 5 फुट 8 इंच रहा होगा और उसके बदन पर एक कुर्ती और जीन्स थी बालो को उसने पलट कर ऊपर ले जाकर फ़सा रखा था ।

सार्थक को गौर से अपनी तरफ देखते हुए वह लड़की और भी ज्यादा घबरा गई और जल्दी से एक तरफ लपकी

अबे अब चलेगा भी कि यही मूर्ति बन कर खड़ा रहेगा सार्थक का एक दोस्त बोला

सार्थक का ध्यान वापस से अपने दोस्तों की तरफ गया और वे फिर से होटल के रिसेप्सन की तरफ चल पड़े ।

रिसेप्सन पर एक खूबसूरत सी लड़की बैठी थी

मैंम मेरे नाम पर एक रूम बुक होगा

क्या नाम है सर रिसेप्सनिस्ट ने पूछा

लक्ष्य सार्थक के दोस्त ने कहा

लड़की ने अपने कंप्यूटर पर ना जाने क्या देखा और फिर दराज खोल कर एक चाभी निकली और बोली

सर आईडी प्रूफ दे दीजिए

लक्ष्य ने अपना पर्स खोला और अपनी आई डी निकाल कर उस लड़की को थमाया

उसने उसमे से देख कर कुछ लिखा और वापस से चाभी के साथ दे दिया। आपका रूम नंबर 69 है सर , सीधे जाकर लेफ्ट में ।

थैंकयु मैंम तीनो ने एक साथ कहा

हैब ए गुड डे सर लड़की के चेहरे पर एक प्रोफेसनल मुस्कान आयी और फिर लुफ्त हो गयी

तीनो कमरे में पहुचे और अपने अपने बैग रखकर बिस्तर पर फैल गए मानो लंबी रेस लगा कर आये हो और थक गए हो

भाई हाथ मुह तो धुल लो इतने लंबे सफर के बाद आये हो सार्थक ने कहा

लड़की से तू टकराया था ,तू जा के धुल हम लोग साफ सुथरे है

शशांक बोला

ये क्या लॉजिक है ,सार्थक हैरानी से बोला तुम लोगो की जैसी मर्जी तुमसे तो बात करना बेकार है सार्थक खीजते हुए बोला और फिर बाथरूम में घुस गया

सार्थक इंग्लिश कमोड है पैर उपर करके मत बैठना लक्ष्य चिल्लाया और फिर दोनों खिलखिला कर हंस पड़े

जब सार्थक बाहर निकला तो फिर लक्ष्य और शशांक जाने को तैयार थे

लक्ष्य शशांक और सार्थक तीनो बचपन के दोस्त थे ,तीनो एक साथ स्कूल एक साथ कॉलेज में थे तीनो एक दूसरे के हमराज और सबसे अच्छे दोस्त थे,

सार्थक का दिमाग बहुत ही तेज था ,बहुत ही नरम दिल कम बोलने वाला और सिन्सियर से था । वह किसी भी प्रोब्लम को जरूर से जरूर सोल्ब कर देता था वो भी अपने दिमाग

की बदौलत ,इन तीनो दोस्तो में उसकी पारिवारिक स्थिति सबसे खराब थी उसके पापा एक प्राइवेट कंपन्नी में काम करते थे ,और थोड़े से खेत भी थे जिसकी बदौलत घर का खर्चा चलता था

लक्ष्य इन सब मे सबसे सुंदर था गोरा चेहरा नीली आंखे और उसका स्टाइल सबसे लाजबाब था वह बहुत ही रंगीन मिजाज और फ़्लर्ट था ,और किसी से भी बात करने में हिचकिचाता नही था

शशांक इन तीनो में सबसे अधिक सम्पन्न था उसके घर मे पैसे की कोई कमी नही थी ,और वह बहुत निडर था लड़ाई झगड़े मारने मारने में सबसे आगे बिना कुछ सोचे समझे किसी से भी भिड़ जाता था ।उसे अपने दिमाग से ज्यादा अपनी ताकत पर भरोसा था और हो भी क्यो न रोज जिम जाकर उसने सिक्स पैक एब्स और मसल्स इसी लिए तो बनाये थे ,

सार्थक ने जिला स्तरीय एक क्वीज जीता था जिसमे 7 डेज गोवा की ट्रिप थी ,चार लोगो के साथ और 1 लाख रुपया भी था तो सार्थक के साथ कोई जाने वाला तो था नही इसीलिए वह अपने बेस्ट फ्रेडस के साथ आया था

लक्ष्य अपनी गर्लफ्रेंड प्रियंका को लाने के लिए बोल रहा था लेकिन सार्थक और शशांक ने मना कर दिया

थोड़ी देर बाद सार्थक फ्रेश होकर के बाथरूम से बाहर

निकला

हा भाई हो आया हल्का ,अब हम जाए कि तुझे दुबारा जाना है लक्ष्य ने कहा

सार्थक मुस्कुरा कर रह गया ,

साले दांत मत फाड् अच्छा खासा मैं प्रियंका को अपने साथ लाने के लिए बोल रहा था लेकिन तेरी वजह से नही ला पाया और गोवा में तुम कमीनो के साथ रहना पड़ रहा है कितना मजा आता अगर वो आती । लक्ष्य ने कहा

पूरा दिन तू उसी के साथ चिपका रहता तो हम कब इंजॉय करते अच्छा किया नही लाने दिया कम से कम तेरे साथ इंजॉय तो करेंगे। शशांक ने कहा

अच्छा बोल क्या प्रोग्राम है आगे का लक्ष्य बोला

भाई मेरा तो आराम करने का प्रोग्राम है अभी मैं थक गया हूँ। सार्थक बोला

साले जब सोना ही था तुझे, तो आया ही क्यों घर पर ही रहता सोने के लिए गोवा आया है क्या चल बीच पर चलते हैं वहां पर एक से एक न्यू न्यू मॉडल देखने को मिलेगा ।लक्ष्य ने कहा

वो भाई तू थोड़ा कंट्रोल में रह ले कहीं ऐसा ना हो कि तेरी वजह से सर पर जूते पड़ जाए शशांक तो एक बार को सह भी जाएगा मेरे बस की नहीं है। सार्थक ने गुस्से से कहा

अभी आराम करेंगे शाम को जहां चलना होगा चलेंगे अभी तो मैं बुरी तरीके से थक गया हूं सार्थक ने कहा

चल ठीक है मैं फ्रेश होकर आता हूं लक्ष्य ने कहा और बाथरूम में घुस गया

शाम को तीनों दोस्त पार्टी हाल में बैठे हुए थे डिस्को पर एक बहुत मधुर संगीत बज रहा था और तीनो एंजॉय कर रहे थे और थिरकने वाले जोड़ों को बहुत ही ध्यान से देख रहे थे सार्थक के लिए यह सब नया था वह कभी बाहर तो जाता नहीं था या यूं कहिए कि उसे बाहर जाने का कोई मौका कभी मिला ही नहीं तो उसे यह माहौल बहुत पसंद आ रहा था

भाई ऐसे खाली खाली बैठकर के देखने में मजा नहीं आ रहा है जा कुछ बियर बगैरा लेकर आएगा ।शशांक ने कहा

हां यार सार्थक जा बियर लेकर आ लक्ष्य भी शशांक के हां में हां मिलाया

ठीक है तुम लोग बैठो मैं लेकर आता हूं सार्थक ने कहा और बीयर लेने के लिए चला गया

तीन बोतल बीयर लेकर के वह लौट रहा था अचानक से भागती हुई एक लड़की आई और सार्थक से जोर से टकराई

सार्थक के हाथ से सारी बीयर की बोतल गिरे और गिर कर चकनाचूर हो गई

सार्थक ने गुस्से से उस लड़की को देखा और चिल्ला कर कहा दिखता नहीं है क्या ?

सार्थक ने की नजर उस लड़की पर पडते ही वह बुरी तरीके

से चौक गया वह वही लड़की थी जो सुबह उस से टकराई थी वह अब भी बुरी तरीके से घबराई थी और उसके चेहरे पर बारह बजे थे।

आई एम सो सो सॉरी मैं थोड़ा जल्दी में थी इसी वजह से मैंने ध्यान नहीं दिया मुझे माफ कर दीजिए प्लीज आपका जो भी नुकसान हुआ है मैं उस को मैं पे कर कर देती हूं वह लड़की सार्थक के गुस्सा होने पर झेप कर बोली

क्या सॉरी ,आप ऐसे जल्दी बाजी में ही रहती है सुबह भी मुझ से टकरा गई इस समय भी टकरा गई इतनी भी क्या जल्दी रहती है आपको कि लड़ते गिरते चलती रहती हैं सार्थक अभी भी गुस्से से उस लड़की को देख रहा था और चिल्ला कर ही बोल रहा था

मुझे माफ कर दीजिए प्लीज वह लड़की रूवासी हो गई उसे ऐसा लगा जैसे अभी रो देगी वह चोर नजरों से इधर-उधर हर किसी को देख रही थी इस तरह सार्थक के गुस्से से बोलने पर सब उस लड़की को देख रहे थे और वह लड़की इस वजह से और घबरा सी गई थी मानो अपनी पहचान वह किसी को बताना नहीं चाह रही हो

प्लीज आप धीरे बोलिए सब मुझे देख रहे हैं मैं आपके आगे हाथ जोड़ रही हूं मुझसे गलती हो गई मैंने आपको आते हुए नहीं देखा वह लड़की बहुत ही बेबसी महसूस हो रही थी और उसकी चेहरे पर घबराहट परेसानी देखकर नजाने क्यो सार्थक का गुस्सा झाग की तरह बैठता चला गया।

ठीक है कोई बात नहीं जाइए आप लेकिन संभाल के चलिए आपको भी चोट लग सकती है। सार्थक ने प्यार से कहा

जी आगे ध्यान रखूंगी बहुत-बहुत धन्यवाद आप का उस लड़की ने कहां और जैसे उसका बहुत बड़ी मुसीबत से पीछा छूटा हो वह जल्दी से लंबे लंबे कदमों से एक तरफ निकल गई जैसे अगर एक पल की देर करती तो वापस से सार्थक उस पर गुस्सा करने लगता

सार्थक ने उसे इस तरह जल्दबाजी में जाते हुए देखा और फिर वापस से बीयर लेने के लिए काउंटर की तरफ घूम गया

थोड़ी देर बाद जव वह वापस बियर लेकर लौटा तो लक्ष्य ने कहा

अबे साले कितनी देर लगा दी ,बियर को बनाने लगा था क्या ? यहां हम कब से बैठकर तेरा इंतजार कर रहे हैं इतना देर कहां रह गया था

यार क्या बताऊं मैं लेकर लौट रहा था तभी मुझे सुबह जो लड़की टकराई थी वहीं आ कर के फिर से टकरा गई और सारी बीयर की बोतल हाथ से छूट गई और जमीन पर फैल गया । सार्थक ने मायूस होकर के कहा

फिर तूने उसे कुछ कहा क्यो नहीं लड़ते भिड़ते ही चलती है क्या कहीं ऐसा तो नहीं है उसे देखकर फिसल गया हो और खुद जाकर के उसे तूने टक्कर मार दिया हो । है तो ठीक ठाक ही लक्ष्य ने मुस्कुराते हुए कहा

मैं तेरे जितना कमीना नहीं हूं और ना ही मैं उस से टकराया

था जल्दी-जल्दी में कहीं जा रही थी उसने मुझसे नहीं देखा और आकर के टकरा गई लेकिन यार एक बात समझ में नहीं आ रही है कि वह बहुत ज्यादा घबराई हुई थी ऐसा लग रहा है जैसे जल्दबाजी में कहीं जाना चाह रही हो सार्थक ने कुछ सोचते हुए कहा

अबे छोड़ ना क्या पता उसका बॉयफ्रेंड उसका इंतजार कर रहा हूं और इसी जल्दबाजी में हो हो हम क्यों उसके पीछे अपना दिमाग चला रहे हैं चल बोतल खोल इंजॉय करते हैं । शशांक ने कहा

सार्थक शशांक और लक्ष्य तीनों बीयर पीने लगे और डिश्को के गानों का इंजॉय करने लगे लेकिन न जाने क्यों सार्थक का दिमाग बार-बार उस लड़की की तरफ चला जाता था उसकी नजरों के सामने उसका वह घबराया हुआ चेहरा बार-बार आता था और वह चाह कर भी उसे भूल नहीं पा रहा था बड़ी मुश्किल से उसने अपने दिमाग को झटका दिया और डिस्को का आनंद लेने लगा।

शाम को तीनों कैब बुक कर के बीच पर गए वहां उन्होंने खूब सारी मस्ती करी सार्थक को बहुत मजा आया और लक्ष्य बीच पर पड़ी हुई लड़कियों को देख देख कर के ही निहाल हो रहा था उसके लिए तो गोवा का यह बीच किसी स्वर्ग से कम नहीं लग रहा था ।

देर हो रही थी सार्थक बार-बार चलने के लिए कह रहा था लेकिन लक्ष्य था कि उठने का नाम नहीं ले रहा था उसकी तो नजरें वहीं पर जमी हुई थी
 
भाई अगर चलना है तो चल नहीं तो मैं अकेले जा रहा हूं सार्थक ने कहा वह बोल बोल कर थक गया था और खीजने लगा था

लक्ष्य बहुत देर हो गई है अब होटल चलते हैं कल फिर आ जाना अभी एक हफ्ते तक रहना है। शशांक ने लक्ष्य को कहा

लक्ष्य के पास अब कोई चारा नहीं बचा था वह मन मसोसकर उठा और दोनों के साथ वापस लौटने की तैयारी करने लगा

तीनों गाड़ी बुक कर के वापस अपने होटल लौट रहे थे रास्ते में एक जगह उसे एक लड़की दिखी जो उसकी गाड़ी को हाथ दे रही थी

ड्राइवर साहब जरा देखना कौन है और क्यों हाथ दे रही है l लक्ष्य ने कहा

अबे जाने दे ना लड़की दिखी नही की तू शुरू हो जाता है । शशांक ने कहा

नही यार शशांक क्या पता किसी मुसीबत में हो सार्थक ने भी कहा

जी सर अभी रोकता हूँ ड्राइवर ने कहा और उस लड़की के पास ले जाकर गाड़ी रोक दी

गाड़ी रुकते ही वह लड़की भाग कर गाड़ी के पास आई और उसे देखते ही सार्थक चौक गया

तुम ?? ओह्ह गॉड हम जब से गोवा आए हैं तब से तुम आ कर के हमारे सर पर तांडव कर रही हो । सार्थक ने कहा

सर प्लीज मेरी हेल्प कर दीजिए मैं बहुत मुसीबत में हूं प्लीज प्लीज सर लड़की ने हाथ जोड़कर सार्थक से रिक्वेस्ट किया वह सच में बहुत ही घबराई हुई थी

क्या हुआ तुम इतना परेशान क्यों हो सार्थक ने दोबारा पूछा

सर अभी मुझे होटल तक छोड़ दीजिए जहां पर आप मेरे ख्याल से रुके हुए हैं मैं आपको सब बता दूंगी लेकिन प्लीज जल्दी से मुझे यहां से निकाल दीजिए उस लड़की ने घबराकर कहा

ठीक है आगे बैठ जाओ सार्थक ने कहा

ड्राइवर ने आगे वाला गेट खोल दिया और लड़की तुरंत ही अंदर समा गई ड्राइवर ने गाड़ी आगे बढ़ा दे

सार्थक ने पानी की बोतल निकाली और उस लड़की को देते हुए कहा यह लो पानी पी लो और आराम से बैठो

लड़की ने बोतल पकड़ी और आधे से ज्यादा बोतल पानी पी गई जैसे जाने कबसे प्यासी थी और फिर अपने वापस से बोतल सार्थक को दिया और थैंक्यू कहा उसकी आंखों में सार्थक के लिए धन्यवाद के भाव थे ।

अब बताओ इतना घबराई हुई क्यों हो और क्या नाम है जब भी तुम मिलती हो तब घबराई हुई सी रहती हो इतनी जल्दबाजी में क्यों रहती हो ?कौन हो ?कहां से आई हो ?और क्या नाम है? सार्थक ने पूछा

लड़की ने पलटकर सार्थक को देखा जैसे वह सोच रही हो कि सारी बातें सार्थक को बताना ठीक है कि नहीं

तुम घबराओ मत जो कुछ है साफ-साफ बताओ हम तुम्हारी कुछ मदद कर सकते हैं क्या तुम किसी परेशानी में हो लक्ष्य ने कहां

मैं अभी होटल पहुंच कर आपको सब कुछ बता दूंगी प्लीज अभी नहीं लड़की ने कहा

ठीक है कोई बात नहीं लेकिन नाम तो बता ही सकती हो क्या नाम है तुम्हारा ? सार्थक ने पूछा

लावण्या मेरा नाम लावण्या है लड़की ने कहा थोड़ी देर बाद चारों के चारों होटल पहुंच चुके थे सबके दिमाग में उस लड़की की परेशानी जान लेने की उत्सुकता थी । वह लड़की भी हद तक शांत हो चुकी थी और घबराहट से बाहर आ चुकी थी होटल के सामने उतर कर के सार्थक में गाड़ी के ड्राइवर को पैसे दिए और वह चला गया

लावण्या जल्द से जल्द अपने कमरे में जाना चाहती थी लेकिन सार्थक को उसकी परेशानी जान लेने की बहुत जल्दी थी जैसे ही वह अपने कमरे में जाने लगी सार्थक ने उसे रोका

लावण्या आपने कुछ कहा था। सार्थक बोला

तुम किसी परेशानी किसी मुसीबत का जिक्र कर रही थी क्या बात है बताओगी नहीं तुमने बोला था होटल पहुंचकर सब बताऊंगी। लक्ष्य ने भी कहा

लावण्या ने ठंडी सांस ली और उसके कदम रुक गए

आप लोग अपना रूम नंबर बता दीजिए मैं अभी थोड़ी देर में आपके पास आती हूं लावण्या ने कहा

रूम नंबर 69 सार्थक ने तपाक से बोला

ठीक है मैं अभी आती हूं हैं यह कह कर लावण्या लंबे लंबे कदमो से अपने कमरे की तरफ चली गई

तीनो के तीनो अपने कमरे में पहुंचे उन सबके दिमाग में लावण्या की घबराहट और परेशानी गूज रही थी हालांकि रात हो गई थी लेकिन किसी को भी नींद नहीं आ रही

करीब 1 घंटे बाद दरवाजे पर दस्तक हुई सब के सब जैसे इसी दस्तक का इंतजार कर रहे थे सब के सब चौक गए लक्ष्य ने के जल्दी से जाकर के दरवाजा खुला

लावण्या ने अपना कपड़ा बदल लिया था और हाथ पैर धुल करके उसका चेहरा थोड़ा सा फ्रेश लग रहा था

वह अंदर आ गई उसने एक नजर पूरे कमरे पर मारी और फिर हल्के हल्के कदमों से आगे बढ़कर के पड़े हुए सोफे पर बैठ गई तीनो के तीनो उसके सामने बेड पर बैठे हुए थे और गौर से लावण्या को देख रहे थे मानो उसी की बोलने का इंतजार कर रहे हो।

क्या बात है लावण्या तुम इतनी घबराई और परेशान क्यों हो जब भी मिलती हो तब भी घबराहट और परेशानी से तुम्हारा बुरा हाल रहता है ऐसा लगता है कि कोई तुम्हारे पीछे पड़ा हूं और वह कौन था जिसके डर से तुम गाड़ी में हम लिफ्ट ले रही थी क्या कहानी है । सार्थक ने पूछा

आप लोगों के नाम क्या है? लावण्या ने उल्टा सवाल किया

हाय मेरा नाम लक्ष्य है लक्ष्य ने तपाक से अपना नाम बताया और अपना हाथ आगे कर दिया लेकिन लावण्या ने हाथ नही

मिलाया मेरा सार्थक और यह शशांक हम तीनों गोवा घूमने आए हैं सार्थक ने बात पूरी की ।

सार्थक मैं आप पर भरोसा करके आपको एक बहुत बड़ी बात बताने जा रही हूं प्लीज मेरी भरोसे को टूटने मत देना क्योंकि मुझे लग रहा है कि आप लोग बहुत ही अच्छे लोग हैं और मेरी हेल्प करेंगे मुझे किसी ना किसी के हेल्प की बहुत सख्त जरूरत है ।लावण्या ने कहा

कैसी हेल्प और क्या हुआ बताओ तो सही। सार्थक ने कहा

मैंने अपना नाम तो तुम लोगों को बता ही दिया है मैं उत्तर प्रदेश के बिजनौर जिले से हूं मैं अपने किसी काम के सिलसिले में गोवा आई हुई थी यहां मैं किसी को जानती नहीं हूं और आज के पहले मैं अपने शहर से कहीं बाहर नहीं निकली हूं इसी वजह से मुझे कुछ भी नहीं पता है जब मैं वापस लौट रही थी । तभी दो लड़कों ने मेरा पीछा करना शुरू कर दिया जिससे मैं घबरा गई और किसी गाड़ी का इन्तेजार कर रही थी,वो लड़के बिल्कुल पास आ गए थे इतने में आप लोग दिख गए और मैने आपको हाथ दे दिया हालांकि मुझे नही पता था कि उस गाड़ी में आप लोग होंगें ।लावण्या ने कहा

अगर आपको गोवा की बारे में कुछ भी नहीं मालूम था तो आने की क्या जरूरत थी हम भी तो पहली बार आए हैं लेकिन हमारे साथ दो और दोस्त हैं आप भी अपने किसी दोस्त के साथ आ जाती वह तो शुक्र है हम लोग मिल गए थे

अगर हम नहीं मिलते या हमारी जगह कोई और होता तो आप क्या करती या फिर कोई अपनी गाड़ी में बैठा कर तुम्हारे साथ कुछ हरकत कर देता तो क्या आपको इतना दिमाग नहीं है अकेले घर से नहीं निकलना चाहिए वह भी उस जगह जहां पर आप पहले कभी नहीं गए हो और उसकी जानकारी नहीं है । सार्थक ने लावण्या को बुरी तरीके से डांटना शुरू कर दिया

मैं बहुत ही मजबूरी में यहां पर आई हूं मेरा आना बहुत जरूरी था मुझे अकेले आने के सिवाय कोई और रास्ता नजर नहीं आ रहा था। लावण्या ने नजरो को झुका कर कहा

ऐसी भी क्या मजबूरी थी कि बिना जान पहचान और बिना किसी के साथ के आप अकेले ही निकल पड़ी , किसी खजाने की खोज में निकली थी क्या ? सार्थक ने कहा

लावण्या ने कुछ नहीं कहा उसने अपनी नजरें झुका रखी थी और उसकी जुबान खामोश थी

अब बोलिए ,बोल क्यों नहीं रही है । सार्थक ने कहा

क्या कोई बॉयफ्रेंड का चक्कर है क्या किसी से मिलने आई हो लक्ष्य ने लावण्या से पूछा

नहीं ऐसी कोई बात नहीं है लावण्या ने झट से लक्ष्य को जवाब दिया

सार्थक ,लक्ष्य क्यों इनके पीछे अपना दिमाग खराब कर रहे हो होगा कोई काम ,क्या तुमने ठेका ले रखा है सबका क्या? ठीक है आप जाएं अब आप सही सलामत है अपना ध्यान

रखिएगा शशांक ने लावण्या को टरकाने के लिए कहा

लावण्या उठी और हल्के हल्के कदमों से बाहर की तरफ जाने लगी उसकी चाल से ऐसा लग रहा था जैसे वह कुछ सोच रही हो

अचानक से वह पीछे घूमी और वापस आ गई

अब क्या हुआ सार्थक ने उत्सुकता से पूछा

सार्थक हम आपसे कुछ शेयर करना चाहते हैं आप तीनों का स्वभाव मुझे बहुत अच्छा लगा आप लोगों को देख कर लग रहा है कि आप लोग बहुत ही शरीफ लोग है और हमारी मदद कर सकते हैं क्या मैं अपनी परेशानी आपको बोल सकती हूं

हमारी मदद की जरूरत ? अभी अभी तो तुम हमसे मिली और अब हमारी मदद की भी जरूरत पड़ गई है हम आपकी क्या मदद कर सकते हैं । सार्थक ने कहा

सार्थक मैं यहां एक बहुत ही जरूरी काम से आई हूं मेरी एक बड़ी बहन है रजनी वह एक लड़के से प्यार करती थी लेकिन पापा उसकी शादी उस लड़के से कराने के लिए तैयार नहीं थे और इसी वजह से वह बिना किसी को बताए घर से भाग गई

तीनों के चेहरे आश्चर्य से फैल गए

हमारा घर बिजनौर जिले के एक छोटे से कस्बे में है जिसका नाम नगीना है मैं नहीं जानती कि आपका शहर कितना बड़ा है लेकिन आज भी गांव में कस्बे में किसी लड़की का किसी

लड़के के साथ भाग जाना किसी गुनाह से कम नहीं है गांव भर के सामने पापा जी की बहुत बदनामी हुई और वह इस बेज्जती को बर्दाश्त नहीं कर पाए उन्होंने बाहर निकलना बिल्कुल बंद कर दिया और उनकी तबीयत खराब हो गई

जैसी भी थी रजनी दीदी उनकी बेटी थी मैं और रजनी दीदी ही उनकी दो आंखें थी अब रजनी दीदी को ना देख करके उनकी चिंता में वह बहुत परेशान रहते हैं दिन रात वह दीदी को याद करते हैं और उन्हीं के ख्यालों में खोए रहते हैं मुझसे पापा का यह दुख देखा नहीं गया और मैंने निश्चय किया कि मैं दीदी को कहीं से भी खोज कर लाऊंगी

जब मैं दीदी का पता लगाने लगी तो मुझे पता चला उस लड़के ने दीदी के साथ बहुत बड़ा धोखा किया है दीदी शर्म के मारे गांव भी नहीं जा रही हैं और वह लड़का भी दीदी को छोड़कर कहीं चला गया दीदी ने गोवा में आकर के कहीं पर कोई नौकरी कर लिया और मैं उन्हीं को ढूंढने के लिए यहां आई हूं लेकिन अभी तक कुछ भी पता करने में असफल रही हूं

पापा इसी उम्मीद में है कि मैं कहीं ना कहीं से दीदी को ढूंढ लाऊंगी लेकिन 3 दिन हो गए अभी तक दीदी का कुछ भी पता नहीं चल पाया है मैं खाली हाथ घर नहीं जाना चाहती क्योंकि मुझे खाली हाथ आया हुआ देख कर के पापा को बहुत बड़ा सदमा लगेगा और वह मर जाएंगे अब समझ में नहीं आ रहा है कि मैं क्या करूं और किससे कहूं किस की

मदद लू यहां पर मैं किसी को जानती नहीं हूं और कोई मुझे नहीं जानता है।लावण्या ने सारी बात बताई

इसमें हम तुम्हारी क्या मदद कर सकते हैं हमें भी तो नहीं मालूम है यहां के बारे में कुछ हम भी तो पहली बार ही आए हैं। शशांक ने कहा

देखिए लावण्या जी हमें आपकी स्टोरी सुनकर के वाकई में बहुत तकलीफ हुई और हम बहुत-बहुत माफी चाहते हैं कि हमने आपको बिना जाने समझे इतना कुछ सुना दिया लेकिन हम आपकी मदद नहीं कर पाएंगे हम यहां पर घूमने आए हैं । हमें 6 दिन बाद घर वापस आना है हम किसी मुसीबत में नहीं पड़ना चाहते हैं मैं प्रार्थना करूंगा कि आपकी बहन जल्द से जल्द आपको मिल जाए और उन्हें आप वापस ले जा पाएं बस इससे ज्यादा हम कुछ नहीं कर सकते। सार्थक ने साफ शब्दों में लावण्या को मना कर दिया
 
सार्थक जी हम आपको फोर्स नहीं कर सकते हैं मेरा कोई अधिकार नहीं है कि आपसे हम जबरदस्ती करें न जाने क्यों आपकी बातें सुनकर के और आप लोगों का व्यवहार देख करके मुझे अपनेपन का एहसास हुआ इसलिए हमने अपनी सारी परेशानी आपको बता दी अगर आपको बुरा लगा हो तो हम माफी चाहते हैं आप लोग इंजॉय कीजिए अपनी ट्रिप का मैं अब आपको डिस्टर्ब नहीं करूंगी लावण्या ने मायूसी से कहा

लावण्या उठ कर खड़ी हो गई और तेज कदमों से बाहर

निकल गई उसके जाने के बाद तीनों सोच विचार में डूब गए कमरे में पिन ड्रॉप साइलेंस फैल गया था

कितनी मायूस होकर के गई है तुम लोगों का दिल पत्थर का है कितनी मासूम सी लग रही थी लेकिन फिर भी तुम लोगों का दिल नहीं पसीजा कितने निष्ठुर हो तुम लोग लक्ष्य ने कहा

अपना मुंह बंद कर ले साले लड़की देखी नहीं की तुरंत फिसल जाता है हम यहां घूमने आए हैं किसी की हेल्प करने और फिर पता नहीं उसकी बहन को ढूंढने में कितने पापड़ बेलने पड़ेंगे हमारा पूरा ट्रिप स्पॉइल हो जाएगा हमें चक्कर में नहीं पड़ना है शशांक ने कहा

भाई तू तो जानता ही है मुझसे किसी लड़की का दुख देखा नहीं जाता मैं इतना नरम दिल जो हूँ और फिर उसे साथ ले लेने में कोई बुराई भी नहीं थी हमारा यह ट्रिप और भी मजेदार हो जाता क्यों सार्थक सही कह रहा हूं कि नहीं लक्ष्य ने सार्थक से हामी भरवाई

सार्थक न जाने किन ख्यालों में खोया था जैसे उसने शशांक और लक्ष्य की बातें सुनी ही नहीं

अबे वो देवदास पारो चली गई अब किसके ख्यालों में खोया है तेरे लिए चंद्रमुखी को बुलाऊं क्या ? यहां मैं पागलों की तरह बोले जा रहे हैं और तू किसी साधु महात्मा की तरह ध्यान मग्न है लक्ष्य ने कहा

लक्ष्य की बातें सुनकर के सार्थक जैसे नींद से जागा हो

क्या सोच रहा था बे कहीं फिर से टकराने का इरादा तो नहीं

है लक्ष्य ने केफिर से सार्थक से कहा

यार लक्ष्य हमने उस लड़की के साथ ठीक नहीं किया वो गोवा शहर में अकेली है अनजान है आज तो उसे हम ने बचा लिया क्या पता कल को किसी गलत आदमी के साथ फस जाय और फिर उसके साथ कोई हादसा हो जाए ,कितनी उम्मीद के साथ उसने हमसे हेल्प मागी थी ।सार्थक ने बहुत ही गंभीरता से कहा

तो तू क्या चाहता है हम उसे साथ ले लेकर घूमे ओ भाई हम घूमने आए हैं उसकी प्रॉब्लम है वह निपटे हम क्यो उसमें अपना दिमाग खराब करें ज्यादा हीरो मत बन समझा । शशांक ने कहा

यार शशांक किसी की हेल्प कर देना अच्छी बात होती है तू ही सोच अगर हमारी जगह कोई और लड़का होता और उसे गाड़ी में बैठा करके उसने उस लड़की के साथ कुछ हरकत की होती तो उसके बाप पर क्या बीती जिसकी एक बेटी पहले ही भाग चुकी है और दूसरी की यह दुर्दशा देख कर के तो वह मैं ही मर जाता मुझे लगता है कि हमें इस की हेल्प करनी चाहिए । सार्थक ने कहा

हम कर क्या सकते हैं भाई मेरे हिसाब से हमें अपने ट्रिप पूरा करके जल्द से जल्द अपने घर पहुंच जाना चाहिए और किसी नई मुसीबत में नहीं पहुंचना चाहिए अब पता नहीं उसकी बहन को ढूढने में कितना समय लगेगा वह मिलेगी कि

नहीं मिलेगी तब तक उसे भी साथ साथ ढोना पड़ेगा । शशांक ने कहा

तू क्या कहता है लक्ष्य हमें लावण्या की हेल्प करनी चाहिए कि नहीं

भाई हेल्प करनी चाहिए कि नहीं करनी चाहिए यह तो मुझे नहीं पता है मैं तो एक ही बात जानता हूं कि अगर लावण्या हम लोगों के साथ रहेगी तो हमारा यह छह दिन कैसे बीत गया हमें पता भी नहीं चलेगा और 6 दिन बीतते ही मिले चाहे ना मिले लावण्या अपने रास्ते और हम अपने रास्ते क्या पता इन 6 दिनों में वह सेट हो जाए लक्ष्य अलग ही मूड में था

तेरे से तो बात करना बेकार है तेरे को तो कुछ और दिखता ही नहीं ।सार्थक ने खींझ कर कहा

हा तो गलत आदमी से गलत बात करेगा तो गलत जवाब मिलेगा ना इस साले आशिक के बच्चे से पूछ रहा है इसको तो काली कलूटी लंगड़ी लूली भैंगी गूँगी टेढ़ी कैसी भी दे दो सब चलेगी बस वह लड़की होनी चाहिए । शशांक ने गुस्से से कहा

दोनो खिलखिला कर हंसने लगे

हंस लो सालों तुम लोग जिंदगी भर सिंगल ही रहोगे कभी कोई हसीना तुम्हारी बाहों में नसीब नहीं होगी तुम लोग सालो मुझसे जलते हो इसीलिए ऐसी बातें कर रहे हो तुम क्या जानो कि मोहब्बत करने में क्या मजा मिलता है जिंदगी में कभी किसी ने तुम दोनों को घास तो डाला ही नहीं तभी तुम्हें

एहसास ही नहीं है कि लड़की क्या चीज होती है लक्ष्य जल भूनकर बोला

सार्थक छोड़ इसको अभी , हम लोग सोच लेंगे कि क्या करना है अभी तो यार पेट में चूहे कूद रहे हैं चल कुछ खाकर आते हैं सुबह देखते हैं कि क्या करना है अभी से अपना दिमाग मत खराब कर। शशांक ने कहा

तीनों उठकर हॉल में जाने लगे जहां पर डिनर का इंतजाम था

लावण्या अपने कमरे में आ गई वह बहुत परेशान थी क्योंकि उसे गोवा के बारे में कुछ भी नहीं मालूम था सार्थक शशांक और लक्ष्य तीनों को देख कर के उसे हल्की सी उम्मीद जगी थी कि वो तीनों इसकी हेल्प करेंगे क्योंकि उन तीनों का व्यवहार उससे अच्छा लगा था लेकिन उन्होंने उसे साफ साफ मना कर दिया था अब उसकी समझ में नहीं आ रहा था कि वह कैसे अपनी बहन रजनी को ढूढे और कहां ढूंढे आज जिस तरह से उस वह लड़के उसका पीछा कर रहे थे यह देखकर लावण्या बहुत बुरी तरीके से डर गई थी आज तो जैसे-तैसे वापस आ गई लेकिन कब तक बिना किसी सहारे को अगर उसने ढूंढने की कोशिश की और कल को उसके साथ कोई अनहोनी घटना घट गई यही सोचकर के लावण्या सिहर उठी

उसे भी भूख लगी थी उसने फोन उठाया और बैटर को खाना अपने कमरे में पहुंचाने के लिए कहा।

अभी खाना खा कर के वह हटी थी की उसकी मम्मी का फोन

आ गया

हेलो लावण्या । लावण्या की मम्मी ने कहा

जी मम्मी जी पापा कैसे हैं ठीक तो है ना उन्हें टाइम पर दवाई देते रहना। लावण्या ने कहा

दवाई तो दे दूंगी बेटे पापा ठीक है तू घबरा मत तू बता तू कैसी है और रजनी का कुछ पता चला तेरे पापा बार-बार रजनी को पूछ रहे हैं मैंने उन्हें कहा है कि लावण्या को पता चल गया है कहां है और वह उसे लेने के लिए गई है जल्द से जल्द वह लेकर के आ जाएगी और इसी उम्मीद में आजकल खुश रहते हैं कि तू उन्हें लेकर आएगी।

क्या हुआ बेटे रजनी का कुछ पता चला कि नहीं? लावण्या की मम्मी नेपूछा

मम्मी मैं पूरी कोशिश कर रही हूं लेकिन अभी तक दीदी का कुछ भी नहीं पता चला है गोवा छोटा शहर थोड़े ना है बहुत बड़ा है ढूढने में वक्त लग रहा है लेकिन आप मुझ पर भरोसा रखिए मैं दीदी को साथ ले कर के ही आऊंगी । आप बस पापा का और अपना ख्याल रखिए । लावण्या ने कहा

और तू भी अपना ख्याल रखना बेटा अनजान शहर है अनजान लोग हैं मैं एक बेटी को तो पहले ही खो चुकी हूं अब तू ही मेरा आखरी सहारा है तुझे कुछ हो गया तो हम दोनों जिंदा नहीं रह पाएंगे अपना ध्यान रखना बेटा। लावण्या की मम्मी ने कहा

आप घबराइए मत मम्मी जी मुझे कुछ नहीं होगा मैं जल्द से

जल्द दीदी को ले करके वापस आ जाऊंगी लावण्या ने कहा

और फोन रख दिया

वह अपने बिस्तर में घुस गई लेकिन नींद उसकी आंखों से कोसों दूर थी वह कल क्या करना है इसी के बारे में सोचने लगी लेकिन उसको सारे के सारे रास्ते बंद दिखाई दे रहे थे

अगले दिन जैसे ही तीनो दोस्त तैयार होकर के बाहर निकलने वाले थे तभी उन्हें सामने से आती हुई लावण्या दिख गयी ।

उसको देखकर सार्थक के ओठो पर एक मुस्कुराहट फैल गई

इस तरह से सार्थक को मुस्कुराता हुआ देखकर लावण्या के भी होठों पर एक हल्की सी मुस्कुराहट आ गई।

वह पास आ करके बोली हाय हाउ आर यू

ठीक है सब । आप कही जा रही हैं । सार्थक ने पूछा

जी हाँ जा रहे हैं देखेंगे क्या पता कहीं से दीदी का कोई सुराग मिल जाए । जो काम हाथ में लिया है उसे तो पूरा करना ही है लावण्या के चेहरे पर एक फीकी और दुखी सी हंसी आई

सार्थक ने एक पल सोचा और फिर बोला

लावण्या एक बात बताओ तुम्हें कैसे पता चला कि तुम्हारी दीदी यहां गोवा में है।

दीदी ने अपने फ्रेंड को फोन किया था और कह रही थी मुझे पैसों की जरूरत है इसीलिए उन्होंने फोन करके पैसे मांगे थे

। लावण्या ने कहा

और क्या बातें हुई । मेरे हिसाब से तुम एक काम करो जिसने तुम्हें तुम्हारी दीदी की इंफॉर्मेशन दी है उससे संपर्क करो और उससे बात करो क्या पता वो कोई ऐसी बात तुम्हें बता दें जिससे तुम्हें अपनी दीदी को ढूंढने में आसानी हो और हां जिस नंबर से फोन आया था उस नंबर पर जाकर पता कर सकती हो कि किसने फोन किया था क्या पता दुकानदार को कुछ मालूम हो। क्योकि ऐसे सड़कों पर भटकने से कुछ भी पता नहीं चलेगा , तुम और भी मुसीबत में फंस जाओगी । सार्थक ने कहा

जी थैंक यू मैं देखती हूं क्या हो सकता है आप लोग इंजॉय कीजिए । लावण्या ने कहा और एक तरफ जाने लगी

सार्थक ने उसे जाता हुआ देखा और फिर बाहर आगया

बाहर निकल कर के तीनो ने घूमने का प्रोग्राम बनाया और अपने लिए कैब बुक कर लिया ।

बाहर ही खड़े होकर कैब के आने का इंतजार कर रहे थे । तभी लावण्या भागती हुई आई

सॉरी गाइस फिर से मैं आप सब को डिस्टर्ब करने आ गई लेकिन बहुत इंपॉर्टेंट काम था इसी वजह से आई हूं। क्या तुममें से किसी को पता है कि टीटो नाइट क्लब कहां पर है। लावण्या ने पूछा

नहीं हमें नहीं पता है तुम्हें चलना है क्या नाइट क्लब में अगर

तुम चाहोगी तो मैं तुम्हारे साथ चलने के लिए तैयार हूं वहां पर हम खूब मस्ती करेंगे । लक्ष्य ने तपाक से कहा

नहीं मुझे नाइट क्लब नहीं जाना है नाइट क्लब के पास ही एक शॉप है यह नंबर वही का है जिस नंबर से दीदी ने फोन किया था वहां जाने के बाद क्या पता किसी को कोई इंफॉर्मेशन मिल जाए। लावण्या ने कहा

लावण्या हमें पता तो नहीं है लेकिन अभी हम पता करके बता सकते हैं।

लक्ष्य जा यार किसी से पूछ कर आ जा की यह टीटो नाइट क्लब किधर पड़ता है । सार्थक ने कहा

थोड़ी देर बाद लक्ष्य वापस लौट कर आया और उसने टीटो नाइट क्लब की पूरी लोकेसन बताना शुरू कर दिया

अरे यह तो हमारे रास्ते में ही पड़ता है वेरी गुड यह तो और भी अच्छा हुआ लावण्या हमने कैब बुक कर रखी है हम तुम्हें वहां पर ड्रॉप कर देंगे उसके बाद निकल जाएंगे तुम अपनी इंफॉर्मेशन कलेक्ट कर लेना और फिर जैसे भी हो हमें बता देना अगर तुम किसी प्रॉब्लम में पडो तो हमें कॉल कर लेना। सार्थक ने कहा

लेकिन कॉल कैसे करूंगी मेरे पास तो आप लोगों का नंबर ही नहीं है । लावण्या ने कहा

तुम अपना नंबर दो मैं सेव कर लेता हूं ।लक्ष्य ने तुरंत ही कहा

अबे 2 मिनट चुप रहेगा तू। सार्थक ने लक्ष्य को डांटा और फिर अपनी जेब से उसने एक छोटी सी डायरी निकाली जिस पर अपना नंबर लिख करके उसने लावण्या को पकड़ा दिया

यह रहा मेरा नंबर अगर तुम किसी परेशानी या मुश्किल में पडो या कुछ दिक्कत हो तो हमें कॉल कर लेना क्योंकि हम आपसे थोड़े आगे ही रहेंगे तो हम आपकी हेल्प करने के लिए आ जाएंगे। सार्थक ने कहा

थैंक यू सो मच सार्थक थैंक्स आप लोगों ने मुझे इतना सहारा दिया । मेरे अंदर आप लोगों का साथ पाकर के कॉन्फिडेंस डबल हो गया है अब मैं अपने मकसद में जरूर से जरूर कामयाब हो जाऊंगी आप लोग जाओ इंजॉय करो मैं आप लोगो का और टाइम नही खराब करूँगी ।लावण्या पहली बार सच में खुश होते हुए बोली

तभी कैब आती हुई दिखी और चारों के चारों कैब में सवार हो गए

लावण्या को नाइट क्लब के पास छोड़कर वह लोग आगे चले गए

लावण्या ने पास के एक आदमी से टीटो नाइट क्लब के बारे में पूछा

उसने लावण्या को बताया और फिर लावण्या उसके बताये हुए जगह पर पहुच गयी ।

उसने अपने मोबाइल से उस नंबर पर फोन किया जिस नंबर

से उसकी बहन ने अपनी सहेली को फोन किया था।

दो तीन बेल बजने के बाद किसी ने फोन उठाया

लावण्या ने उसका पता पूछ करके उसने फोन रख दिया थोड़ी देर बाद वाह उस दुकान में थी जहां से उसने बात किया था

हेलो सर दुकानदार से लावण्या ने कहा।

वह एक कॉस्मेटिक की दुकान थी और जनरल स्टोर भी था।

बताइए क्या चाहिए आपको । दुकानदार ने पूछा

सर मुझे कुछ चाहिए नहीं मैं यहां पर एक इंफॉर्मेशन के लिए आई हूं अगर आप मेरी हेल्प कर देंगे तो आपकी बड़ी मेहरबानी होगी । लावण्या ने बहुत ही संजीदगी से कहा

कैसी हेल्प और कैसी इंफॉर्मेशन चाहिए थी आपको दुकानदार ने उत्सुकता बस पूछा

सर 5 दिन पहले यहां से एक लड़की ने फ़ोन किया था उसी के बारे में जानकारी चाहिए थी

मैंम 5 दिन पहले की बातें कहां से याद होगी वैसे दिन भर में पता नहीं कितने लोग आते-जाते रहते हैं किस किस को याद करूं सॉरी मैं आपकी कोई मदद नहीं कर पाऊंगा दुकानदार ने बेमन से कहा

भैया मैं बहुत मुसीबत में हूं मेरा जानना बहुत जरूरी है प्लीज

थोड़ा दिमाग पर जोर डालिए ।लावण्या ने रिक्वेस्ट किया

मैंम ऐसे कैसे बता दूं कि किसने फोन किया है आप उनके बारे में कुछ बताएं तभी मैं बता सकता हूं । दुकानदार ने कहा

लावण्या ने अपनी बहन का हुलिया बताया

सॉरी मैडम ऐसे कुछ समझ मे नही आरहा न ही कुछ याद आरहा है मुझे माफ कर दो मुझे कुछ नहीं पता । दुकानदार को कुछ समझ में नहीं आया उसने लावण्या से पीछा छुड़ाते हुए कहा

अचानक से जैसे लावण्या को कुछ याद आया हो उसकी जल्दी से अपना फोन निकाला और उसमें कुछ ढूढना शुरू कर दिया थोड़ी देर बाद रजनी के साथ उसकी मुस्कुराती हुई एक तस्बीर उसने दुकानदार को दिखाया

सर ये है मेरी बहन आप अच्छे से देख ले शायद याद आजाये प्लीज लावण्या ने रिक्वेस्ट किया

दुकानदार ने अनमने भाव से लावण्या का मोबाइल हाथ में लिया और फोटो देखने लगा अचानक से वह चौक पड़ा

अरे हां यह लड़की तो मेरे दुकान पर आई थी और अक्सर आती रहती है।

कहां रहती है सर क्या आपको पता है लावण्या की आंखें खुशी से चमक गई

नहीं यह तो नहीं मालूम है कि कहां रहती हैं लेकिन मेरे दुकान पर अक्सर सामान खरीदने के लिए आती है अभी तीन-चार दिन पहले ही आई थी और कुछ सामान लेकर की गई थी ।

दुकानदार ने कहा

सर मेरा इनसे मिलना बहुत जरूरी है ये मेरी दीदी है । प्लीज आपको जो भी इनके बारे में पता हो बता दीजिए मुझे ,मेरे पापा की तबीयत बहुत खराब है और बार-बार दीदी को याद कर रहे हैं सर प्लीज मेरी हेल्प कर दीजिए । लावण्या ने हाथ जोड़कर दुकानदार से प्रार्थना किया
 
मैंम मैं क्या कर सकता हूं मुझे नहीं मालूम है कि यह कहां रहती है जहां तक मुझे अंदाजा है कि बगल वाले क्लब में ही कुछ जॉब करती है आप एक बार जाकर के क्लब में पता कर लीजिए क्या पता कुछ सुराग मिल जाए अगर अगली बार आएंगी तो मैं जरूर उनको आपका संदेश पहुंचा दूंगा दुकानदार ने कहा उसको सच मे रजनी के बारे में कुछ नही पता था ।

नहीं सर उनको कुछ मत बोलिएगा मैं आपको अपना नंबर देती हूं अगर वह आएगी तो फिर आप मुझे इन्फॉर्म कर दीजिएगा प्लीज मुझे इनसे मिलना है। लावण्या ने कहा

ठीक है आप मुझे अपना नंबर दे दीजिए जैसे ही वो दुबारा आएंगी मैं आपको बता दूंगा। दुकानदार ने कहा

लावण्या ने दुकानदार को अपना नंबर लिख कर दे दिया और दुकान से बाहर निकल गई उसको अपनी बहन को ढूंढने में थोडी सी सफलता मिला

अचानक उसके दिमाग में आया कि नाइट क्लब में जाकर के किसी से पूछ ले क्या पता कुछ जानकारी मिल जाए इसीलिए

वहां नाइटक्लब में जाने लगी जैसे ही वह नाइट क्लब में जाने की कोशिश करने लगी तभी गार्ड ने रोक लिया सॉरी आप अकेले अंदर नहीं जा सकती

लेकिन क्यों मुझे कुछ जानकारी चाहिए थी इसलिए मुझे अंदर जाना है । लावण्या ने कहा

सॉरी मैंम नाइट क्लब में वही लोग जा सकते हैं जो इसके मेम्बर है क्या आपने मेंबरशिप ले रखी है अगर ले रखी हो तो मुझे कार्ड दिखा दीजिए और दूसरी सर्त कि अकेले जाना अलाउड नही है सिर्फ कपल एंट्री अलाउड है सिंगल नही आप इसमें नहीं जा सकती हैं गार्ड ने लावण्या को रोकने का कारण बताया

ओके सॉरी मुझे इस बात की जानकारी नहीं थी बट क्या आप मेरी एक छोटी सी हेल्प कर सकते हैं एक्चुअली मुझे अपनी बहन को मिलना है जो शायद यही जॉब करती है इसलिए मैं आई हूं क्या आप बता सकते मेरी बहन यहां पर आती है कि नहीं यह उनका फोटो है आप अच्छी से देख लीजिए लावण्या ने मोबाइल से फोटो निकाल कर के गार्ड को दिखाया

गार्ड फोटो देख कर चौक गया लेकिन फिर सम्हालते हुए बोला

नहीं इनको मैंने नहीं देखा है

लावण्या को साफ-साफ लगा कि गार्ड झूठ बोल रहा है

भैया प्लीज मेरा इनसे मिलना बहुत जरूरी है अगर आप उनके बारे में कुछ भी जानते हो तो मुझे बता दीजिए मेरी बहन है ।लावण्या ने गार्ड से रिक्वेस्ट किया

मैडम हम अपनी क्लब की कोई भी इंफॉर्मेशन किसी अनजान को नहीं दे सकते इसलिए आई एम सॉरी मैं आपको कुछ भी नहीं बता सकता वैसे आपको इनसे क्यों मिलना है गार्ड ने पूछा

भैया मेरे पापा की तबीयत खराब है और उनको इंफॉर्मेशन देनी है इसीलिए दीदी से बात करना बहुत जरूरी है यह नाराज हैं इस वजह से चली आई अब पापा बार-बार इनको पूछ रहे हैं इसलिए मेरा इनसे मिलना बहुत जरूरी है । लावण्या ने कहा

सॉरी मैम मैं आपकी कोई भी हेल्प नहीं कर सकता मुझे किसी भी क्लब के सदस्य की इंफॉर्मेशन किसी तीसरे आदमी के पास पहुंचाने की परमिशन नहीं है इसलिए मैं कुछ भी नहीं बता सकता आप खुद जा करके पता कर लीजिए लेकिन उसके लिए आपको किसी के साथ की जरूरत होगी क्योकि इस क्लब में सिंगल एंट्री अलाउड नहीं है तो आप अपने किसी जानने वाले को साथ लेकर के क्लब में आ जाइए आप को उनके बारे में इंफॉर्मेशन मिल जाएगी और प्लीज यह बात अंदर किसी से मत कहना कि यह बात मैंने आपको बताई है इससे ज्यादा मैं आपकी कोई हेल्प नहीं कर सकता गार्ड ने कहा

ठीक है थैंक यू सो मच इतनी हेल्प करने के लिए

बाहर निकल कर के लावण्या सोच में पड़ गई आखिर में किस को लेकर के वह क्लब में जाए कौन उसकी हेल्प करेगा गोवा में वह किसी को जानती नहीं थी।

अचानक से एक बार फिर से उसे उन तीन लड़कों का ख्याल आया

शशांक लावण्या ने सोचा , नहीं शशांक तो उसे देखते ही भड़कता है और वो बहुत रूडली बात करता है वह नहीं सही रहेगा

फिर लक्ष्य ,लावण्या के नजरो के सामने लक्ष्य का चेहरा घूम गया वह जल्दी तैयार हो जाएगा आने के लिए लावण्या ने सोचा

वह कह भी रहा था क्लब में लेकर चलने के लिए तो लक्ष्य से बात करूं ।लावण्या ने मन ही मन में बात की

लेकिन उसका बिहैवियर बहुत अजीब सा है वह लड़कियों से अजीब नजरिये से बात करता है कहीं ऐसा ना हो कि उसकी साथ आकर किसी बड़े मुसीबत में फंस जाऊ लावण्या के दिल से आवाज आई

सार्थक , सार्थक सही रहेगा वह इन तीनो में सबसे ज्यादा डिसेंट और सिंसियरर है लेकिन क्या वह आने को तैयार होगा उसने तो कल मुझे मना कर दिया

एक बार कह के देखती हूँ क्या पता आने की लिए तैयार हो जाय वह अच्छा लड़का है वह जरूर मेरी हेल्प करेगा

लावण्या ने सोचा

तभी उसे याद आया कि सार्थक ने अपना नंबर उसको दे रखा था उसने झटपट अपना पर्स खोला और सार्थक का नंबर निकाला और उसे अपने मोबाइल पर डायल किया

लाइन मिलते ही लावण्या ने सकुचाते हुए कहा हेलो

हेलो ,जी कौन ? सार्थक ने पूछा

मैं लावण्या बोल रही हूं सार्थक जी । लावण्या ने कहा

जी बताइए क्या हुआ कुछ प्रॉब्लम है क्या ? सार्थक ने पूछा

नहीं वैसे तो कोई प्रॉब्लम नहीं है

आपके दीदी का कुछ पता चला ? सार्थक ने कहा

जी हां थोड़ी बहुत जानकारी मिली है लेकिन एक मुसीबत आ गई है हमें एक जगह से उनकी ज्यादा जानकारी मिल सकती है लेकिन यहां की मेंबरशिप लेनी पड़ेगी और अकेले जाना अलाउड नहीं है बस यही समस्या है इसलिए मैंने आपके पास फोन किया है । लावण्या ने बताया

ऐसी कौन सी जगह है जहां पर अकेले नहीं जा सकते है ।सार्थक के लिए भी यह नई बात थी

एक नाइट क्लब है वहां के गार्ड से मैंने पूछा तो उसने तो ना कहा लेकिन उसके चेहरे और हाव-भाव से लग रहा है कि वह दीदी को अच्छी तरीके से जानता है जब मैंने अंदर जाने की कोशिश की तो फिर उसने मुझे रोक दिया और बताया कि यहां पर अकेले एंट्री नहीं हो सकती है अब मुझे समझ में नहीं आ रहा है कि मैं क्या करूं कैसे दीदी के बारे में इंफॉर्मेशन

कलेक्ट करूं । लावण्या ने पूरी बात बताई

आप इस समय कहां पर हैं? सार्थक ने पूछा

जहां पर आप ने मुझे छोड़ा था उसके थोड़ी दूर पर ही हूं लावण्या ने अपनी लोकेशन सार्थक को बताई

ठीक है आप घबराइए मत मैं अभी आपके पास 15 मिनट में पहुंच रहा हूं देखेंगे क्या करना है अब तक आप इंतजार कीजिये । सार्थक ने कहा

जी ठीक है।लावण्या को तसल्ली हुई

सार्थक ने एक जरूरी काम का बोल करके अपने दोनों दोस्तों से किनारा किया और लावण्या के बताए हुए पते पर पहुंचा

लावण्या बेसब्री के साथ सार्थक का इंतजार कर रही थी सार्थक को देखते ही उसके चेहरे पर हल्की सी खुशी फैल गई

आपको धन्यवाद सार्थक जी आप मेरी हेल्प करने के लिए यहां तक आए हो

कोई बात नहीं परदेस में एक दूसरे की हेल्प करनी चाहिए इस समय आप मुसीबत में है तो मेरी मेरा यह फर्ज है कि आपकी मदद करूं अब बताइए क्या बात है। सार्थक ने मुस्कुराते हुए कहा

जी मैंने जाकर के टेलीफोन वाले भैया से पता किया तो उन्होंने मुझे बताया कि तीन-चार दिन पहले एक लड़की ने यहां से फोन किया था उनको मैंने दीदी की फोटो दिखाई तो उन्होंने कहा कि आस पास के ही कहीं से वह लड़की आती है

और मेरी दुकान पर कई बार आ चुकी है उन्होंने कहा की शायद नाइट क्लब में जॉब करती है ।

तो फिर मैंने पास के ही एक नाइट क्लब में जाने का प्रयास किया क्योंकि दुकानदार ने बताया था कि शायद वहीं पर कोई जॉब करती है जब मैं अंदर जाने लगी तो गार्ड ने मुझे रोक दिया मैंने अपनी सारी परेशानी बताई और उसे दीदी का फोटो दिखाया वह दीदी की फोटो देखकर के बुरी तरह से चौक गया लेकिन उसने मुझे दीदी के बारे में कुछ भी नहीं बताया । हो ना हो इस नाइट क्लब में ही दीदी के बारे में कोई इंफॉर्मेशन जरूर से जरूर मिलेगी ऐसा मेरा दिल कह रहा है लेकिन मुसीबत यह है कि उसमें मैं अकेली नहीं जा सकती हूं किसी लड़के के साथ ही जाना पड़ेगा क्योंकि अकेले जाना मना है ।लावण्या ने पूरी बात सार्थक को बताइ

अच्छा ठीक है अब घबराइए मत चलिए मैं आपके साथ चलता हूं। सार्थक ने कहा

थोड़ी देर बाद सार्थक और लावण्या दोनों कपल बनके नाइट क्लब में थे

लावण्या सार्थक दोनों क्लब के अंदर पहुंचे

वैसे तो अंदर अभी भीड़भाड़ कम थी लेकिन बहुत सारे लड़के और लड़कियां अभी भी क्लब के अंदर मौजूद थे

एक खूबसूरत और बड़ा सा डांसिंग फ्लोर लगा था और उस पर रंग बिरंगी रोशनी पड रही थी जो अभी एक ही जगह ठहरी हुई थी ।

जब रात अपने सबाब पर होती होगी तो शायद वह फ्लोर थिरकने वाले जोड़ो से भरी रहती होगी और रंगीन रोशनी से सराबोर होती होगी उसी के सामने एक बहुत बड़े हाल नुमा जगह पर गोलमेज और कुर्सियां रखी हुई थी जिस पर बैठ कर के ही शायद आने वाले लोग खाने और पीने का लुफ्त उठाते थे ।

पूरे हाल में बड़े बड़े स्पीकर लगे थे जिससे अभी भी म्यूजिक गूंज रही थी कुछ टेबल भरे हुए थे जिस पर लोग अपने कपल के साथ बैठ कर के ड्रिंक कर रहे थे एक कोने में बड़ा सा बार काउंटर था जहां पर दो तीन लड़कियां जो बहुत ही कम

कपड़ों में खड़ी थी वह आने वाले कस्टमरो के इच्छा के अनुसार ड्रिंक बनाकर उन्हें सर्ब कर रही थी दूसरी तरफ एक छोटा सा टेबल था जहां पर एक कंप्यूटर के साथ लड़की बैठी हुई थी जो कि पैसे का हिसाब किताब देख रही थी। उसी के पास दो तगड़े तगड़े से आदमी खड़े थे जो शायद बाउंसर थे और क्लब की शांति व्यवस्था बनाए के लिए तैनात किए गए थे टेबल पर बैठे हुए लोगों को वर्दी पहने बेटर स्नेक्स और बर्फ वगैरा सर्ब कर रहे थे ।

अभी तो क्लब का माहौल हद तक शांत था लेकिन इस पूरे क्लब को देखकर लग रहा था कि रात को यह जब अपने पूरे शबाब पर होता है तो इसकी रौनक कुछ और ही होती होगी ।

सार्थक और लावण्या दोनों के लिए यह माहौल बिल्कुल नया सा था जो लोग बैठे हुए थे वह अपने-अपने कपल के साथ हाथों में हाथ डालकर बैठे हुए थे लेकिन सार्थक और लावण्या ही ऐसे थे जो अपेक्षाकृत थोड़े से दूर दूर थे । दोनों के लिए माहौल में अर्जेस्ट होना थोड़ा मुश्किल लग रहा था उन दोनों के चेहरों पर एक अजब सी झिझक थी।

लावण्या हम अंदर तो आ गए हैं लेकिन अब किससे पूछें तुम्हारी बहन के बारे में ? सार्थक ने कहा

सार्थक मैं खुद यहां पर ऐसे माहौल में पहली बार आई हूं इसके पहले मुझे ऐसी किसी जगह पर जाने का कोई अनुभव नहीं है इसीलिए मुझे तो कुछ मालूम नहीं है । लावण्या ने मायूसी से कहा

अच्छा रुको मैं किसी बारटेंडर से पूछता हूं तुम यहां पर बैठो। सार्थक ने खाली पड़े हुए एक टेबल पर लावण्या को बैठने का इशारा किया

लावण्या बिना कुछ कहे चुपचाप बैठ गई

सार्थक सीधा उस जगह पर पहुंचे जहां पर बारटेंडर उन लोगों को उनका ड्रिंक सप्लाई कर रही थी

लावण्या उसे एकटक देख रही थी ।

सार्थक ने एक लड़की को कुछ कहा और थोड़ी देर न जाने क्या क्या उससे बात पर करता है फिर लावण्या के पास आने लगा लावण्या सावधान हो करके बैठ गई

सार्थक के पास आ जाने पर लावण्या ने उससे पूछा.

क्या कहा उसने ? कुछ पता चला क्या दीदी का? लावण्या ने उत्सुकता से पूछा

ऐसे हुलिया बताने पर और नाम से कुछ भी नहीं पता चल रहा है तुम एक काम करो , चलो मेरे साथ उसके पास अपनी बहन की फोटो दिखा करके उससे पूछो क्या पता कुछ पता चल जाए ऐसे तो मना कर रही है। सार्थक ने कहा

लावण्या उठ गई और सार्थक के साथ जाने लगी
 
लावण्या ने अपनी बहन की फोटो दिखाते हुए उन लड़कियों में से एक लड़की से जिससे साथ सार्थक बात कर रहा था पूछा

मैंम यह है मेरी बहन की फोटो अगर आपको उसके बारे में कुछ भी जानकारी हो तो प्लीज मुझे बता दीजिए मुझे इनके

बारे में जानना बहुत जरूरी है। लावण्या ने पूछा

उस लड़की ने गौर से लावण्या का मोबाइल देखा उसकी आंखें भी चौक गई जिसे लावण्या ने साफ साफ महसूस किया उसने घूम कर अपने संग खड़ी हुई दो तीन लड़कियों को देखा मानो आंखों ही आंखों में और इशारों ही इशारों में कुछ बातचीत कर रही हो उन दोनों ने भी फोटो पर नजर मारी और उनका भी उस लड़की के जैसा ही रिएक्शन था सब के सब चौक गई

ये आपकी कौन है उन लड़कियों में से एक लड़की ने पूछा

मैम यह मेरी बहन है लावण्या ने शराफत से कहा

देखिये आप जो भी हो आप मुझे शरीफ लग रही हैं आप प्लीज यहां से चले जाइए वरना आप बहुत बड़ी मुसीबत में फंस जाएंगे हम आपको कुछ भी नहीं बता सकते हैं इस क्लब का रूल है कि यहां से किसी की कोई भी इंफॉर्मेशन किसी थर्ड पर्सन को नहीं दी जाती है। उस बारटेंडर लड़की ने समझाने वाले लहजे में लावण्या से कहा

मैम बहुत इंपॉर्टेंट है अगर आप हेल्प कर देंगे तो बहुत मेहरबानी होगी। सार्थक ने भी रिक्वेस्ट किया

इतने में एक बाउंसर उनकी बात सुनकर के उनके पास आया और बोला

हेलो मिस्टर क्या प्रॉब्लम है आपको क्यों परेशान कर रहे हैं इनको

नहीं परेशान नहीं कर रहे हैं बस हम बात कर रहे हैं । सार्थक

ने कहा

क्या जासूसी कर रहे हो यहां पर? और किसके बारे में पूछताछ कर रहे हो, तुम्हें पता नहीं है यह सब यहां पर अलाउड नहीं है बाउंसर ने सार्थक को धमकाते हुए कहा

अरे सर हम कुछ भी नहीं कर रहे हैं आप चाहे तो मैडम से पूछ लीजिए हम तो जस्ट ऐसे ही पूछ रहे हैं सार्थक सहमते हुए बोला

पहली बार आए हो क्या ? क्लब की मेंबरशिप ले रखी है क्या? ऐसे ही घुस आए हो दूसरे बाउंसर ने सार्थक को हल्का सा धक्का देते हुए कहा

देखिये भाई साहब आप हाथ मत लगाइए हम ऐसा कुछ भी नहीं कर रहे हैं । आप चाहे तो मैंम से पूछ सकते हैं लावण्या घबराकर बोली

बाउंसरो का व्यवहार और हाव भाव देखकर के दोनों के चेहरे की हवाइयां उड़ गई थी

उन दोनों की रस्साकशी देख करके एक आदमी आया और कड़क कर बोला क्या हुआ इतना हल्ला क्यो मच रहा है ।

वह शायद वहां का मैनेजर या कोई बड़ा अधिकारी था

उसको देख कर के वह बारटेंडर लड़कियां भी घबरा गई है और उनके चेहरे उतर गए थे

सर यह दोनों किसी के बारे में पूछताछ कर रहे हैं पता नहीं मुझे तो लग रहा है कि पुलिस के आदमी है बाउंसर ने उस आए हुए शख्स से कहा

नहीं सर हम कोई पुलिस वाले नहीं हैं बस हम तो ऐसे ही पूछ रहे थे । सार्थक उन लोगों का व्यवहार देखकर घबरा गया

उस शख्श ने सार्थक और लावण्या को ऊपर से नीचे तक घूरा और फिर बोला

विक्रम मुझे इन लोगों से बात करनी है मेरे पास लेकर आओ और फिर तेज कदमों से एक तरफ चला गया

चलिए सर बुला रहे हैं उसमें से एक बाउंसर उन दोनों को लगभग धक्का देते हुए बोला

सर दोनों शरीफ है यह ऐसा कुछ नहीं कह रहे थे आप उनको जाने दीजिए ।उन्ही बारटेंडर लड़कियों में से एक लड़की को शायद उन दोनों की स्थिति पर दया आ गई और उसने उन दोनों का साथ देने की कोशिश की

आप अपना काम कीजिए मैंने आपसे नहीं पूछा। सर का आर्डर है इन लोगों से बात करनी है तो दोनो को सर के पास चलना ही पड़ेगा ।बाउंसर ने उस लड़की से गुर्रा कर कहा

चलिए आप लोग सर बुला रहे हैं चलिए बाउंसर ने कड़क कर कर कहा

सार्थक ने लावण्या को और लावण्या ने सार्थक को देखा मानो एक दूसरे से पूछ रहे हो कि यह किस मुसीबत में फंस गये उन दोनों के चेहरे पर घबराहट साफ साफ देखी जा सकती थी

चलो भी यहां खड़े खड़े क्या सोच रहे हैं चलो उसने थोड़ा ऊंची आवाज में डॉट कर कहा

आगे आगे बाउंसर बीच में लावण्या और सार्थक उसके पीछे एक दूसरा बाउंसर उन दोनों को घेर करके उस शख्स के कमरे तक पहुंचा दिया

एक बड़ा सा ऑफिस सा बना हुआ था जिसमें एक टेबल रखा हुआ था और उसी के पीछे चेयर था सामने कोई कुर्सी नहीं थी दोनों आ कर के सामने खड़े हो गए बाउन्सरों ने उन दोनों को कमरे में पहुंचा दिया और वापस अपनी अपनी जगह पर ज्वाइन कर लिया

उस व्यक्ति ने सार्थक और लावण्या को ऊपर से नीचे तक देखा उसकी आंखें जैसे उन दोनों के बदन को अच्छी तरह से मुवायना किया ।ना जाने उन आंखों में ऐसा क्या था कि दोनों अंदर तक कांप गए

अब बताओ तुम दोनों कौन हो ? और क्यों पूछताछ कर रहे हो? क्या पुलिस के आदमी हो? या कोई जासूस हो ? सच बताओ कौन हो तुम दोनों ? और क्यों आए हो यहां पर? अगर झूठ बोला तो बहुत ही बुरा अंजाम होगा

सर हमारा विश्वास कीजिए हम ना तो पुलिस के आदमी है और ना ही कोई जासूस है एक्चुअली इनकी बहन यहां पर शायद जॉब करती है इसी वजह से हम दोनों पता करने आए थे क्योंकि इनके पापा की तबीयत खराब है और उनको यही इंफॉर्मेशन देनी थी बस इतनी सी बात है वहीं इनकी बहन का फोटो दिखा कर के हम पूछताछ कर रहे थे कि तब तक दोनो भाई साहब ने हमारे ऊपर गुस्सा करना शुरू कर दिया सार्थक

ने सारी बातें साफ साफ बता दे वह अंदर ही अंदर घबराया हुआ था और लावण्या का उससे भी ज्यादा बुरा हाल था वह तो बुरी तरीके से डरी हुई थी और हद तक सार्थक से चिपक कर खड़ी थी उसके पैर कांप रहे थे

कौन है तुम्हारी बहन दिखाओ फोटो उस शक्स ने कड़क कर लावण्या को कहा

लावण्या ने अपना मोबाइल निकाला और वही फोटो निकाल कर के उस शख्स को दिखाया

उसने लावण्या का मोबाइल लेकर के गौर से देखा उसका चेहरा और सख्त हो गया

कौन है यह? तुम्हारी बहन है ,उसकी सर्द सी आवाज गूंजी

जी सर इनका नाम रजनी है यह मेरी बहन है पापा की तबीयत खराब है इसीलिए मुझे उनके तबीयत की जानकारी अपनी बहन को देनी थी । लावण्या ने कहा

उस आदमी ने थोड़ी देर सोचा और बोला

नहीं यह लड़की यहां पर काम नहीं करती है और ना ही इसे मैंने कभी देखा है आज तो मैं तुम दोनों को छोड़ दे रहा हूं लेकिन आइंदा अगर किसी के भी बारे में पूछताछ करते हुए देख लिया यह सुन भी लिया तो मुझसे बुरा कोई नहीं होगा अब आप लोग तुरंत के तुरंत इस क्लब से चले जाओ और दोबारा फिर कभी इस क्लब में पूछताछ के इरादे से आने की कोशिश मत करना अगर आना तो सिर्फ और सिर्फ इंजॉय करने के लिए बस अगर मैंने तुम लोगों को किसी से भी

पूछताछ करते हुए देख लिया या सुन लिया तो फिर समझ लेना । उसने सीधी सीधी धमकी सार्थक और लावण्या को दिया

ठीक है सर हम नहीं आएंगे लावण्या ने कहा वह बुरी तरीके से घबराई हुई थी

सार्थक ने घूम कर लावण्या को देखा मानो समझने की कोशिश कर रहा हूं कि यह लावण्या क्या बोल रही है उसे साफ साफ लग रहा है कि रजनी के बारे में लोगों को जरूर से जरूर कुछ ना कुछ पता है लेकिन कोई कुछ बता नहीं रहा

जाओ निकलो उस आदमी ने फिर से गुर्रा कर कहा

लावण्या ने सार्थक का हाथ पकड़ा और बाहर जाने लगी वह घबराहट में चल रही थी मानो कहीं फिर से वह आदमी उन दोनों को वापस ना बुला ले हालांकि घबराया हुआ सार्थक भी था लेकिन फिर भी उसने अपने आप को संभाल रखा था दोनों के चेहरे पर एक मायूसी की और दिल में तूफान कहीं ना कहीं उन्हें लग रहा था कि इन क्लब वालों को जरूर से जरूर रजनी के बारे में कुछ ना कुछ पता है

जैसे ही वह दोनों बार काउंटर के पास पहुंचे तभी वहां पर खड़ी हुई एक लड़की ने सार्थक को बुलाया

सर आपका ड्रिंक तो ले लीजिए जिसके पैसे आपने दे दिए है ।

सार्थक चौक गया उसकी समझ में नहीं आया की वह लड़की ऐसा क्यो कर रही है क्योंकि उसने तो किसी ड्रिंक का

कोई आर्डर ही नहीं दिया था ।

उसने उस लड़की को देखा सार्थक को लगा कि वह लड़की उसे आंखों के इशारों से बुला रही है उसे समझते देर नहीं लगी कि ड्रिंक तो एक बहाना है वह लड़की उसे अपने पास बुलाने के लिए ही यह सब कर रही है उसने ऐसे सो किया जैसे वह ड्रिंक लेना भूल गया हो

लावण्या को वहीं बैठा करके उस लड़की के पास पहुंचा लड़की ने एक गिलास में कोल्ड ड्रिंक डाला और फिर सार्थक को देते हुए चुपके से कहा

सर अगर इस लड़की के बारे में जानना चाहते हो तो 9:00 बजे के बाद आ जाना यह यहीं पर दिख जाएगी लेकिन प्लीज यह बात किसी को कहना मत उसने यह बात फुसफुसा कर इस तरह से बोला कि सिर्फ सार्थक ही सुन पाए और पास खड़े बाउंसर या उसके साथ खड़ी हुई तीनों लड़कियां भी ना सुन पाए सार्थक के कान खड़े हो गए उसने धीरे से गिलास लिया और थैंक्यू बोला और फिर आकर के टेबल पर बैठ गया और धीरे-धीरे कोल्ड ड्रिंक पीने लगा उसने उस लड़की की कही हुई सारी बात लावण्या को बताई

कोल्ड्रिंक खत्म करके सार्थक और लावण्या क्लब से बाहर निकल आए क्योंकि क्लब में रुकने का अब कोई फायदा नहीं था बाहर निकलते ही सार्थक का फोन बजा

अबे साले कहां है तू जरूरी काम बोल करके गायब हो गया हम कब से तेरा इंतजार कर रहे हैं ऐसा क्या जरूरी काम आ

गया है तुझे की तू यह भी भूल गया कि तू गोवा में है और अपने दोस्तों के साथ घूमने आया है। शशांक ने कहा

यार मैं कहीं फस गया था, एक काम करो तुम दोनों वहीं पर आ जाओ जहां पर लावण्या को हमने ड्रॉप किया था तुम दोनों आओ फिर मैं तुम्हें सारी बातें बताता हूं मैं तुम्हारा इंतजार कर रहा हूं ।सार्थक ने उदास हो करके कहा

क्या हुआ तू ठीक तो है शशांक ने कहा ऐसे क्यों बोल रहा है जैसे किसी ने तेरी इज्जत लूट ली हो

यार प्लीज मजाक मत कर जल्दी से आ फिर मैं तुम्हें सारी बातें बताता हूं सार्थक ने गंभीरता से कहा

ठीक है तू घबरा मत हम अभी आते हैं । शशांक ने कहा

लावण्या अभी भी हल्के हल्के कॉप रही थी उसके चेहरे से लग रहा था कि वह अभी भी उस नाइटक्लब में सार्थक और उसके साथ किए गए ब्यवहार से अभी भी घबराई हुई थी

उसने सार्थक के हाथ को कसकर पकड़ रखा था

लावण्या अपने आप को संभालो घबराओ मत अब हम लोग ठीक हैं, मुझे ऐसा लग रहा है जैसे यह लोग कोई बहुत बड़ा राज छुपाना चाहते हैं और इन लोगों को जरूर से जरूर तुम्हारी बहन के बारे में कुछ ना कुछ पता है। सार्थक ने कहा

सार्थक मुझे बहुत डर लग रहा है कहीं ऐसा ना हो कि लोगों ने मेरी बहन के साथ कोई साजिश कर दी हो मैं क्या करूं वह लोग जैसे आप से बात कर रहे थे उस हिसाब से लग रहा था कि वह लोग अच्छे लोग नहीं हैं कहीं मेरी बहन किसी गलत

हाथों में तो नहीं फंस गई है ।लावण्या रूवासी हो गई थी ।

सार्थक को लग रहा था कि लावण्या अभी रो देगी

घबराओ मत लावण्या ऐसा कुछ नहीं होगा , मैं हूं ना मुझ पर भरोसा रखो और बिल्कुल भी चिंता मत करो मैं कुछ दिमाग लगाता हूं जिससे तुम्हारी बहन का कुछ सुराग लग जाए यह तुमने सही कहा है कि यह अच्छे लोग नहीं हैं लेकिन तुम घबराओ मत एक रास्ता बंद होता है तो दो रास्ते खुल जाते हैं तुम्हारी बहन तुम्हें जरूर से जरूर मिल जाएगी सार्थक ने लावण्या को दिलासा दी हालांकि खुद उसकी आवाज में वह कॉन्फिडेंस नजर नहीं आ रहा था जो होना चाहिए आज के घटना से वह भी काफी हद तक विचलित हो गया था

थोड़ी देर बाद उसके दोनों दोस्त आ गए और लावण्या के साथ सार्थक को देख कर जल भून कर राख हो गए

अच्छा तो यह है तेरा जरूरी काम साले हम दोनों को अकेले छोड़कर यहां तू गुलछर्रे उड़ा रहा है तभी तो मैं कहूं गोवा में तेरा ऐसा कौन सा जरूरी काम आ गया कि तुझे हम दोनों को साथ छोड़ कर आना पड़ा मैं भूल ही गया था वैसे दिखने में तो तू कितना भोला भाला लगता है और कितना शरीफ बनता है लेकिन अंदर से कितना शातिर और कमीना है तू - शशांक ने सार्थक को सुनाना शुरू कर दिया
 
अब बोल साले वैसे तू मुझसे बोलता रहता है कि मैं लड़कियों के पीछे भागता हूं लेकिन मैंने तेरे कहने पर अपनी स्वीट हार्ट प्रियंका को छोड़ दिया और तू, तू हम लोगों को छोड़कर के

यहां इनके साथ घूम रहा है यही है तेरी दोस्ती लक्ष्य भी कहां पीछे रहने वाला था

क्या बोल रहे हो यार तुम लोग पहले मेरी बात तो सुन लो

कुछ भी उटपटांग कहना शुरू कर दिया बात सुनी नहीं और अपनी राग बजाना चालू । सार्थक गंभीर हो करके बोला उसके चेहरे पर गुस्सा और परेसानी साफ साफ नजर आ रहा था

इस तरह सार्थक को गंभीरता से बोलते देखकर दोनों चुप हो गए

क्या हुआ तू इतना घबराया हुआ क्यों है ? और तूने इतनी जल्दबाजी में हमको क्यो बुलाया। शशांक भी सार्थक को देख कर गंभीर हो गया

सार्थक ने दोनो को पूरी बात बताई और फिर शांत हो गया उसकी सारी बातें सुनकर के दोनों भी गंभीर हो गए

मैंने तुझे पहले ही बोला था कि इन सब लफड़ों में मत पड़ लेकिन तू सुनता कहां है किसी की, बहुत बड़ा जीनियस बनता है क्या जरूरत थी इसमे टांग अड़ाने की इनकी प्रॉब्लम थी यह निपटती अपना। शशांक ने कहा

कैसी बातें कर रहा है यार तू, कुछ इंसानियत है कि नहीं है एक अकेली लड़की अनजान शहर में परेशान है और हमें यह जानते बूझते उसकी परेशानी को दूर करने का कोई उपाय नहीं करना चाहिए वह भी हमारे और तुम्हारे जैसी ही है उसका भी घर परिवार है अगर उसके साथ कुछ हादसा हो

गया तो । यार शशांक इतना भी सेल्फिश होना ठीक नहीं है एक इंसान अगर दूसरे इंसान के काम नहीं आएगा तो कैसी इंसानियत सार्थक ने कहा

अच्छा ठीक है अब ज्यादा ज्ञान मत बांट चल होटल में चलते हैं फिर बैठकर कुछ सोचते हैं कि क्या करना है अभी तो यहां से चलो कैब वाला इंतजार कर रहा है आओ बैठो और फिर वहां चल कर बात करेंगे । लक्ष्य ने कहा

चारो बिना कुछ कहे कैब में सवार हो गए

तीनों बिना आपस में बातचीत किए चुपचाप कैब में बैठे रहे सबके चेहरे उदास थे ।

शशांक आगे बैठा था एक तरफ लक्ष्य बीच में सार्थक और उसके बगल पर लावण्या बैठी हुई थी ।

लावण्या ने अभी भी सार्थक का हाथ कस कर थाम रखा था और सार्थक ने भी लावण्या का हाथ छुड़ाने की बिल्कुल भी कोशिश नहीं की उसने भी उसे पकड़ रखा था ।

चारो 15 मिनट बाद होटल पहुचे। चारो कमरे में आ गए

सार्थक और लावण्या सोफे पर बैठ गए लक्ष्य और शशांक बेड पर उनके सामने बैठ गए

अब बता शुरू से, क्या बात हुआ था वहां पर । शशांक ने सार्थक से पूछा

सार्थक की जगह लावण्या ने बोलना शुरू किया , शुरू से लेकर अंत तक उसने सब कुछ वैसा का वैसा बताया जैसे उसके साथ हुआ था ,बिना कुछ छिपाएं और बिना कुछ भूले ।

फिर मैने सार्थक को फोन करके बुलाया और सार्थक आया लावण्या ने कहा

उसके बाद दोनों की नजर सार्थक की तरफ घूमी

आगे सार्थक ने बोलना शुरू किया और उसने भी सब कुछ वैसा का वैसा उन दोनों को बताना शुरू कर दिया उसकी पूरी बात सुन कर के शशांक के चेहरे पर गुस्सा झलकने लगा था।

ऐसा कैसे कर सकते हैं वे साले , उन हरामजादो को अच्छी तरह से पता हैं कि रजनी कहा है उन्होंने सिर्फ तुमको टरकाने के लिए न बोला है। यह सारी बातें तुम्हें कड़क कर पूछना चाहिए था वह सब कुछ बक देते ,तुमने मुझे क्यों नहीं बताया ? शशांक को गुस्सा आ गया

यार शशांक सब कुछ इतनी जल्दी-जल्दी में हो गया कि हमें किसी को कुछ भी कहने का मौका ही नहीं मिला मुझे तो उम्मीद ही नहीं थी कि वहां पर यह सब हो जाएगा मुझे तो

लगा था कि वहां पर रजनी के बारे में कुछ ना कुछ पता चल जाएगा अगर मुझे जरा सा भी अंदाजा होता कि वहां यह सब पूछना अलाउड नहीं है तो मैं थोड़ा सतर्क होता

और हां एक बहुत इंपॉर्टेंट बात जब मैं वापस लौट रहा था तब उन्हीं बारटेंडर लड़कियों में से एक लड़की ने मुझे अपने पास बुलाया और मुझसे चुपचाप उन्होंने मेरे कान में बोला कि अगर तुम उस लड़की के बारे में जानना चाहते हो तो 9:00 बजे के बाद आ जाना उसके बारे में तुम्हें जानकारी मिल जाएगी।सार्थक ने कहा

उसने ऐसा क्यो कहा वह तुम्हे जानती है क्या ? लक्ष्य ने पूछा

नहीं यार ना वह मुझे जानती है और ना ही मैं उसे जानता हूं लेकिन शायद हम दोनों की सिचुएशन देख कर के उसे हम पर दया आ गई हो इसी वजह से उसने चुपचाप हमें यह छोटी सी इंफॉर्मेशन दे दी।सार्थक बोला

लेकिन सार्थक अगर हमने दोबारा से जाकर पूछताछ करने की कोशिश भी और उसको पता चल गया तो हमारा बहुत बुरा हाल करेगा और उसके चेहरे और हाव-भाव से लग रहा था कि वह बहुत खतरनाक आदमी है और जो कह रहा था वह जरूर से जरूर करेगा कहीं ऐसा ना हो मेरी वजह से आप भी मुसीबत में फंस जाओ।लावण्या ने डरते हुए कहा

अरे उस की ऐसी की तैसी मैं देखता हूं क्या कर लेगा वह,उसकी इतनी हिम्मत नहीं है की वह कुछ कह दे , किसी के बारे में इंफॉर्मेशन लेना कौन सा गुनाह है जो उसने तुम

लोगों से इस कदर बात किया। शशांक ने भड़कते हुए कहा

घबराओ मत मैं जाऊंगा साला देखता हूं क्या बोलता है ज्यादा बकवास किया ना तो वही पर पटक कर मारुंगा। शशांक अपने आपे से बाहर हो रहा था

तू जाएगा? अभी तो तू कह रहा था कि हमें इस मुसीबत में नहीं पड़ना है। सार्थक ने आस्चर्य से कहा

लेकिन तूने मेरी बात सुनी कहां , तूने इस मामले में अपनी टांग अड़ा दिया है तो साले तेरे को तो ऐसे भी तो अकेले नहीं छोड़ सकते हैं ना , आखिर में अपना जिगरी है मेरे रहते हुए तुझे कोई कुछ कह कर चला जाए तो मेरे रहने का क्या फायदा अब जब तूने पंगे ले ही लिए है तो अच्छे से ही लेते हैं जो होगा देखा जाएगा । शशांक ने कहा

अचानक से सार्थक उठा और शशांक को गले लगा लिया साले पहले ही यही हां बोल देता कम से कम मुझे बेज्जती तो ना करवानी पड़ती तुझे पता है तू रहता है तो मेरा हौसला बढ़ा रहता है ।सार्थक शशांक की बातें सुनकर खुशी से खिल गया

उन दोनों का इस तरह गले लग कर मिलन होता देख करके लावण्या के ओठो पर भी हल्की सी मुस्कुराहट आ गई

घबराओ मत लावण्या मैं खुद जाऊंगा और तुम्हारी बहन के बारे में जो भी जानकारी मिलेगी मैं तुम्हें लाकर दूंगा देखता हूं कैसे नहीं देते हैं ।शशांक ने कहा

वह तो ठीक है लेकिन एक प्रॉब्लम अभी भी है ।लावण्या ने कहा

अब क्या प्रॉब्लम है अपना रेसलर जा रहा है अभी भी तुम्हें कोई शंका है क्या ।लक्ष्य ने कहा

प्रॉब्लम वो नहीं है प्रॉब्लम दूसरी है लावण्या ने कहा तीनों लावण्या को ऐसे देख रहे थे जैसे लावण्या कोई अजूबा हो सबकी आंखों में यह जान लेने की उत्सुकता थी कि क्या प्रॉब्लम है

सार्थक जी आपको तो पता ही है कि वहां पर अकेले जाना अलाउड नहीं है और मुझे और आपको तो उन लोगों ने अच्छी तरीके से पहचान लिया है फिर शशांक के साथ कौन जाएगा शशांक को अकेले तो जाने नहीं देंगे । लावण्या ने कहा

सार्थक को जैसे कुछ याद आया हो, हां यह तुम सच में एक प्रॉब्लम है अब एक और लड़की कहां से लाए हम तो किसी को यहां पर जानते भी नहीं हैं।सार्थक ने कहा

चारों सोच में पड़ गए अचानक से सार्थक लक्ष्य की तरफ तरफ देख कर मुस्कुरा पड़ा और उसकी आंखों में चमक आ गई

शशांक तुम अंदर जा सकते हो मेरे पास एक आईडिया है लेकिन अगर लक्ष्य चाहे तो। सार्थक ने खुश होकर कहा

अब ऐसा क्या आईडिया है जो मेरे चाहने या नहीं चाहने से होगा।लक्ष्य को कुछ भी समझ मे नही आया

जाना शशांक को है तो फिर मैं क्या कर सकता हूँ लक्ष्य ने कहा

हां सार्थक इसमें लक्ष्य क्या कर सकता है शशांक ने भी सार्थक से पूछा

पहले प्रॉमिस कर मुझे मारेगा नहीं और पहले मेरी बात ध्यान से सुनेगा सार्थक ने डरते डरते लक्ष्य से कहा

ऐसा क्या है अब बोल भी दे साले तेरे दिमाग में क्या खिचड़ी पक रही थी । लक्ष्य ने कहा

तीनो के तीनो सदमे से परेशान थे उन्हें समझ में नहीं आ रहा था कि ऐसा क्या सार्थक कहने वाला

पहले वादा कर रिएक्ट नही करेगा। सार्थक ने कहा

हां ठीक है ठीक है बोल क्या है लक्ष्य ने कहा उसे भी यह जान लेने की उत्सुकता थी कि ऐसी क्या बात है जो उसके बिना नहीं हो सकती थे

देख यार शशांक यह बेचारी इतने दूर से अकेले आई है अपनी बहन को खोजने तो हमें भी इस की हेल्प करनी चाहिए क्योंकि अब प्रॉब्लम आ गई है तो अब हमारे पास दूसरा कोई रास्ता नहीं है लक्ष्य को ध्यान से देखो उसके पतले पतले और गुलाबी ओठ गोरे गोरे गाल ,नीली नीली आंखें ऐसा लगता है सब कुछ कितना खूबसूरत है अगर इसे हम लड़की बना करके,लड़कियों जैसे कपड़े पहना कर तेरे साथ क्लब में घुसा दे तो लावण्या का काम भी हो जाएगा और लक्ष्य के रहने से तुझे भी थोड़ा सा सहारा मिल जाएगा ।

इसको बस कुछ नहीं करना है शाम को लड़कियों वाले कपड़े पहनाकर के और थोड़ा सा मेकअप करके लड़की की तरह

बना देना है बस ।सार्थक ने पूरी बात बताइ

तेरी तो साले कमीना रुक तुझे मैं अभी बताता हूं मैं लक्ष्य गुस्से से उठा और सार्थक को मारने के लिए दौड़ा

सार्थक जल्दी से उठ करके शशांक के पीछे छुप गया देख लक्ष्य तूने प्रॉमिस किया था कि हाथापाई नहीं करेगा सार्थक ने डरते हुए कहा

अबे प्रॉमिस गया तेल लेने बाहर तो निकल साले अंडरटेकर के पीछे छूपके क्या सोच रहा है बच जाएगा क्या बाहर निकल तुझे बताता हूं तेरे सारे आइडिये की ऐसी की तैसी साला मुझे लड़की बनाएगा । लक्ष्य गुस्से से लाल पीला हो रहा था

यार मैंने एक आईडिया दिया है अब तू ही बता हमारे पास इसके अलावा क्या रास्ता है अगर कोई बेटर ऑप्शन हो तो बता दे।सार्थक बोला

है ना एक रास्ता मेरे पास तेरा मैं यही मर्डर कर देता हूं यह सबसे सुंदर आइडिया है तू बाहर तो निकल शशांक के पीछे क्यों छुप रहा है

लक्ष्य आराम से बैठ जा । शशांक ने कहा

भाई शशांक तुम बीच में मत करो मैं इसको बताता हूं साला बहुत बड़ा जीनियस बनता है ना मुझे लड़की बनाएगा पहले इसका भूत तो बना दू

अबे बैठ ना नौटंकी इतना क्यों हाइपर हो रहा है यह आईडिया इतना भी बुरा नहीं है जितना तू रिएक्ट कर रहा

है ,और कोई ऑप्शन हो तो बता ।शशांक ने लक्ष्य को घुड़का

हां तो नहीं है तो नहीं है लेकिन मैं लड़की वड़की नहीं बनने वाला हूं अच्छे खासे मर्द को लड़की बनाने चला है लक्ष्य ने कहा वह एभी भी गुस्से से आग बबूला था

सार्थक अगर लक्ष्य की मर्जी नहीं है तो फिर रहने दो कोई बात नहीं कोई दूसरा रास्ता सोचते हैं हम किसी को फोर्स नहीं कर सकते हैं यह मेरी प्रॉब्लम है तो मुझे ही कुछ ना कुछ रास्ता निकालना पड़ेगा आप लोग प्लीज मेरे लिए परेशान मत होइए और लड़ाई तो बिल्कुल मत कीजिये, जो होना होगा वही होगा ज्यादा से ज्यादा क्या होगा मेरे पापा मेरा साथ छोड़ देंगे बस, वैसे भी कम दुख नही झेले हैं एक दुख और सही कोई बात नहीं,लावण्या उदास होकर बोली

लक्ष्य जी अगर आप हमारी मदद नहीं करना चाहते हैं तो कोई जबरदस्ती नहीं है बट प्लीज आप गुस्सा थूक दीजिए सार्थक जी की तरफ से हम आपसे माफी मांगते हैं लावण्या ने उदास होकर कहा

नहीं लावण्या ऐसी कोई बात नहीं है हम आपकी मदद करना चाहते हैं लेकिन लड़की बनना यह मुझे कुछ समझ में नहीं आ रहा है लक्ष्य लावण्या की ऐसी बातें सुनकर के झेप गया
 
मैं समझ सकती हूं एक्चुअली आप इतने हैंडसम और गुड लुकिंग है शायद सार्थक जी ने इसी वजह से आपको लड़की बनने के लिए कहा होगा अब हम दोनो तो दोबारा जा नहीं सकते हैं और अकेले शशांक जी की एंट्री क्लब में होगी नहीं

तो हमारे पास कोई दूसरा रास्ता नहीं है अब हम कहां जाएं दूसरी लड़की ढूंढने के लिए, लेकिन आप भी अपनी जगह पर सही है आप क्यों इतनी मुसीबत मोल लेंगे और क्यो इतने पापड़ बेलेंगे आखिर हम तो हैं अनजान ही आप लोगों ने फिर भी हमारी इतनी हेल्प कर दी दूसरा कोई तो शायद हमसे बात भी करना ठीक नहीं समझता या फिर अगर करता भी तो अपनी किसी मतलब से करता ,देखते हैं कल कुछ और सोचते हैं अब आप लोग थक गए होंगे आराम कीजिए मैं भी जा रही हूं अपने कमरे में और कुछ सोचती हूं गुड नाइट लावण्या उठते हुए बोली

किसी ने भी लावण्या की गुड नाइट का जवाब नहीं दिया और लावण्या बिना कुछ कहे बाहर निकल गई और अपने कमरे में चली गई

लावण्या के वापस आने के बाद तीनो के तीनो उदास हो गए वह लावण्या की मदद करना चाहते थे लेकिन कैसे करें उनको कुछ समझ मे नहीं आ रहा था

शशांक जो जाने के लिए तैयार नहीं था वह अब जाने के लिए तैयार बैठा था लेकिन उसकी अकेले इंट्री नहीं होती और लक्ष्य लड़की बनने के लिए तैयार नहीं था

कितनी उदास होकर गई है लावण्या लेकिन अफसोस हम उसके लिए कुछ भी नहीं कर पा रहे हैं। शशांक ने कहा

अब क्या कर सकते हैं जितना करना था कर चुका है जब कोई ऑप्शन ही नहीं है तो फिर क्या करें जो होगा देखा

जाएगा वैसे भी कौन सा हमारे रिश्ते में लगती है तो हम इतनी टेंशन ले

क्यों लक्ष्य सही कह रहा हूं ना सार्थक ने लक्ष्य को सुनाने के लिए कहा

भाई ऐसा नहीं है कि मैं उसकी हेल्प नहीं करना चाहना लेकिन लड़की बनना यह आइडिया मुझे कुछ जम नहीं रहा है कोई और रास्ता सोचो ना जिससे मुझे लड़की नहीं बनना पड़े लक्ष्य ने कहा

भाई तेरे जितना गुड लुकिंग और हैंडसम अगर मैं होता ना तो मैं कब का लड़की बन जाता मेरे ख्याल से लड़की का मेकअप कर लेने से लड़कियों जैसे कपड़े पहन लेने से कोई मैं लड़की थोड़ी ना हो जाऊंगा लेकिन अफसोस मैं यह सब करके भी उतना ईफैक्टिव और लड़की नहीं लगूगा क्योंकि मैं तेरे जितना ही स्मार्ट नहीं हूं ना और फिर दूसरा कोई रास्ता भी नहीं है दूसरा कोई रास्ता होता तो फिर यह नौबत क्यों आती है । सार्थक ने लड़की से कहा

यार लक्ष्य मेरे हिसाब से तो थोड़ी देर की बात है अगर सच में हेल्प करना चाहता है तो यही एक तरीका है तू कर सकता है लेकिन अगर नहीं करना चाहता है तो कोई बात नहीं है हम तुझ से जबरदस्ती तो कर नहीं सकते हैं और क्या पता तेरे इस काम से लावण्या इंप्रेस हो जाए आखिर में तेरी वजह से उसकी बहन मिलेगी तो इसका कुछ ना कुछ तो असर पड़ेगा ही

यार तुम लोगों ने मुझे मुसीबत में फंसा दिया चलो एक बार को मैं मान भी जाऊं कि मैं लड़की बन जाऊंगा लेकिन पहनूगा क्या मैं यहां पर लड़कियों के कपड़े लेकर आया हूं क्या ? लक्ष्य ने कहा

अगर तू हां बोलता है तो उसकी भी व्यवस्था हो ही जाएगी लेकिन पहले तू हां तो बोल

कहां से हो जाएगी व्यवस्था चल मान लिया मैंने हां बोल दिया फिर कहां से लाएगा कपड़े क्या किराए पर लाएगा ।लक्ष्य ने कहा

किराए पर क्यों लावण्या है ना उसके कपड़े तुझे फिट आ जाएंगे तुम दोनों तो एक ही साइज के हो उसी के कपड़े पहन लेना सार्थक ने कहा

साले तू पहले से ही सब कुछसोच कर बैठा था क्या, जो भी पूछो मुंह उठाकर फटाक से जवाब दे देता है और लावण्या के लिए तेरे दिल मे इतना दर्द कब से आगया कहीं लावण्या के लिए तेरे दिल में कुछ अंकुर तो नहीं फूट रहे हैं बड़ा फेवर कर रहा है उसका आज सुबह उसी के लिए हम दोनों को छोड़ कर आ गया और कैब में भी हाथ पकड़ कर बैठा था और अब उसकी तरफ से वकालत कर रहा है भाई माजरा क्या है बता दे पहले ही लक्ष्य ने सार्थक के मजे लेते हुए कहा

भाई माजरा वाजरा कुछ नहीं है जैसा तू सोच रहा है वैसा कुछ नहीं है बस मैं उसकी हेल्प कर रहा हूं समझे और अगर तुझे नहीं करना है तो कोई बात नहीं जाने दो। सार्थक ने

कहा

साले झूठ बोलना अपने बाप से मुझसे तो बोलना मत तेरी आंखों में साफ साफ लावण्या का दर्द और परेसानी महसूस होता दिख रहा है साफ साफ लग रहा है कि तू कुछ और ही गुल खिलाने के मूड में है लेकिन मैं खुश हूँ चल इसी बहाने तूने किसी लड़की से बात तो की वैसे तो तेरी फटती है ।

जा मेरे दोस्त तू भी क्या याद रखेगा किसी दिलदार दोस्त से पाला पड़ा था जा सिमरन जा जी ले अपनी जिंदगी तेरा यह दोस्त तेरे प्यार के लिए तेरी गर्लफ्रेंड लावण्या के लिए लड़की तो क्या किन्नर भी बनने के लिए तैयार है लक्ष्य किन्नरों की तरह ताली बजा कर बोला

सार्थक सरमा गया और मुस्कुराने लगा और शशांक जोर जोर से हंसने लगा

साला नौटंकी कहीं का शशांक मुस्कुराते हुए बोला

देख भाई तेरे लिए इतनी कुर्बानी देने को तैयार हूं अब मेरी यह कुर्बानी बर्बाद मत जाने देना और तेरे पास पूरा पूरा मौका है शाम को आऊं तो तुम्हारी इस कदर उससे तेरी ट्यूनिंग हो जानी चाहिए कि जिससे हम दोनों उसको भाभी कहने वाले बने समझ में आई बात मेरी यह कुर्बानी बर्बाद मत जाने देना नहीं तो इतना मारूंगा कि तू भी याद करेगा लक्ष्य ने कहा

अबे क्या बोल रहा है यार ऐसा कुछ भी नहीं है सार्थक शरमाकर बोला

कुछ भी नहीं है तो कुछ कर ले , वैसे भी लड़की अच्छी है

और तुझ पर भरोसा भी करती है देखने में भी शक्ल सूरत से ठीक-ठाक है अगर उसे पटा लेगा हमारी भाभी बना देगा तो इसमें कोई बुराई नहीं है। शशांक ने भी लक्ष्य हां में हां मिलाई

क्या यार शशांक तू भी शुरू हो गया साला इस आशिक के चक्कर में तू भी आ गया तू मुझे जानता नहीं है क्या ? हद है यार तुम लोगों से तो बात ही करना बेकार है कहा से कहा पहुचा देते हो किसी बात को सार्थक ने कहा और वहां से उठकर बाथरूम में चला गया

अब इतनी तेज से याद आ रही है कि बाथरूम में जाना पड़ गया लक्ष्य ने पीछे से सार्थक पर टोंट कसा

दोनों खिलखिला कर हंस पड़े

लक्ष्य के लड़की बनने के लिए तैयार हो जाने के बाद न जाने क्यो सार्थक का चेहरा खिला-खिला सा लग रहा था। वह बेसब्री के साथ सुबह होने का इंतजार कर रहा था जिससे वह यह खुशखबरी लावण्या को सुना सके , क्योंकि इस समय जाकर उसे यह बात लावण्या को बताना ठीक नहीं लगा ।

अगले दिन सुबह जैसे ही लावण्या अपने कमरे से निकली सार्थक उससे मिल गया मानो सार्थक कब से इन्तेजार कर रहा हो ।

हाय लावण्या कैसी हो सार्थक ने मुस्कुरा कर कहा

ठीक हूं आप कैसे हैं? लावण्या ने भी जवाब दिया

मैं भी ठीक हूं तुम्हारे लिए खुशखबरी है । सार्थक ने कहा

कैसी खुशखबरी ? लावण्या ने उत्सुकता से पूछा

यही कि लक्ष्य तैयार हो गया है । सार्थक ने कहा

तैयार हो गए कैसे ? आपने ऐसा क्या किया कि लक्ष्य जी तैयार हो गए वह तो साफ साफ मना कर रहे थे। लावण्या ने

खुश होते हुए सार्थक से पूछा

बस तैयार कर लिया ,वह मेरा बहुत ही अच्छा दोस्त है बस थोड़ी आदतें ही गंदी हैं बाकी कोई कमी नहीं है अब तुम्हारा काम हो जाएगा। सार्थक ने मुस्कुरा कर कहा

मैं नहीं जानती कि आपने कैसे तैयार किया लेकिन एक बात जानती हूं कि इस एहसान का बदला मैं कभी भी नहीं चुका पाऊंगी अगर मेरी बहन मुझे मिल गई तो इसका सबसे ज्यादा क्रेडिट आप सबको ही जाएगा मैं अकेले कुछ भी नहीं कर पाती थैंक यू सो मच सार्थक जी मैं आपका यह एहसान कभी नहीं भूल पाऊंगी। लावण्या ने कहा

अरे लावण्या जी इसकी कोई जरूरत नहीं है बस तुम्हारा काम हो जाना चाहिए जैसे भी हो ,और तुम बिल्कुल भी मत घबराओ शशांक और लक्ष्य कुछ ना कुछ जरूर करके आएंगे जिससे तुम्हारी बहन का पता लग जाए सार्थक बोला

थैंक यू सो मच सार्थक सच में तुम लोग बहुत ही अच्छे हो शायद भगवान ने तुम लोगों को मेरी मदद करने के लिए ही भेजा है वरना मैं अकेली कुछ भी नहीं कर पाती । लावण्या ने सार्थक की आंखों में झांक कर कहा

उसकी आंखों में सार्थक के लिए बहुत-बहुत धन्यवाद के भाव थे

अरे इतने सारे थैंक्यू को कोई जरूरत नहीं है यह तो हमारा फर्ज था बस एक प्रॉब्लम है ।

कैसी प्रॉब्लम लावण्या ने पूछा

प्रॉब्लम यह है कि लक्ष्य को पहनाने के लिए हमारे पास कपड़े नहीं है वह कपड़े आपको देने पड़ेंगे और दूसरी प्रॉब्लम उसका मेकअप कैसे होगा । सार्थक में कहा

कपड़े तो कोई प्रॉब्लम नहीं है कपड़े तो मेरे पास है वही बात उनको तैयार करने की तो आप उसकी भी चिंता मत कीजिए मुझे मेकअप करना आता है मैं लक्ष्य को ऐसा तैयार कर दूंगी कोई भाप नहीं सकता लेकिन हमको एक चीज की अरेंजमेंट करनी पड़ेगी बालों की विग क्योंकि मेरे पास बालों की विग नहीं है लावण्या ने कहा

तुम उसकी चिंता मत करो मैं बाजार से जाकर बिग खरीद लूंगा बस तुम लक्ष्य को अच्छे तरीके से तैयार कर देना।

ठीक है और सार्थक तुम चलो मेरे साथ मैं तुम्हें लक्ष्य को पहनाने के लिए एक कपड़े निकाल कर दे देती हूं लावण्या ने सार्थक को अपने कमरे में बुलाया

सार्थक बिना कुछ कहे सुने लावण्या के पीछे पीछे उसके कमरे में चल पड़ा

लावण्या ने जाकर करके अपना बैग खोला और उसमें से खूबसूरत सी ड्रेस निकाल कर के सार्थक को दे दिया और इसके अलावा पैरों की एक सैंडल और एक हैंड पर्स भी सार्थक को दे दिया

सार्थक ने मुस्कुराते हुए सारा सामान लिया और फिर अब अपने कमरे की तरफ जाने लगा

अच्छा सुनो शाम को मैं लक्ष्य को तुम्हारे पास कपड़े पहना

कर भेज दूंगा तुम उसे अच्छे से तैयार कर देना ठीक है उसके बाद शशांक और लक्ष्य क्लब में चले जाएंगे

ओके ठीक है लावण्या ने कहा

सार्थक ने बाजार जा कर के जरूरी जरूरी सामान खरीद लिया और वापस ला करके उसने कमरे में रख दिया

शाम को करीब 6 बजे सार्थक ने लक्ष्य को सारे कपड़े पहना करके लावण्या के कमरे में भेज दिया

करीब 1 घंटे मेकअप करने के बाद लक्ष्य बिल्कुल तैयार था उसने अपने आप को शीशे में देखने की जिद की लेकिन लावण्या ने उसे मना कर

लक्ष्य तुम अभी शीशा मत देखो तुम जा कर के अपने कमरे में सीधा अपने दोस्तों से मिलना और उन दोनों का रिएक्शन देखना फिर अपने आप को देखना ।लावण्या ने मुस्कुरा कर कहा

एक बात बोलूं लक्ष्य थैंक यू सो मच तुमने जो किया है वह कोई अपना अपने के लिए भी नहीं करता है लेकिन तुमने मेरे लिए यह किया है मैं इसका एहसान चुका नहीं पाऊंगी बस दिल से यही दुआ करुंगी कि तुम जहां रहो खुश रहो ।लावण्या बहुत खुश थी

जानती हो लावण्या मैं आपके लिए कुछ भी नही कर रहा हूँ ,यह सब मैं बस अपने दोस्त सार्थक के खुशी के लिए कर रहा हु मैं उसके लिए कुछ भी कर सकता हूं वह मेरा सबसे स्पेशल वाला दोस्त है न जाने कितनी बार उसने मुझे

मुसीबतों से बचाया है और न जाने कितनी बार वह मेरे काम आया है आज जिंदगी में पहली बार उसके काम आने का एक मौका मेरे हाथ में लगा है तो मैं यह कैसे जाने देता । लक्ष्य ने कहा

वह बहुत ही गम्भीरर और डिसेंट लग रहा था, इस समय यह लक्ष्य कोई और ही लक्ष्य लग रहा था

लेकिन यह तो मेरा काम है यह सार्थक का काम थोड़ी ना है। लावण्या ने ना समझते हुए पूछा

तुम्हे ऐसा लगता है ,आज तक सार्थक ने किसी लड़की से बात नहीं की है वह लड़कियों के मामले में बहुत शर्मीला है किसी से बात करने में भी उसको झिझक महसूस होती है पहली बार उसने तुमसे बात किया है और तुम्हारे लिए उसने मुझसे कुछ बोला है

सच बताऊ लावण्या सार्थक बहुत अच्छा लड़का है ऐसे लड़के बहुत कम मिलते हैं ।उसमें कोई भी एक ऐब नही है जिंदगी में कभी भी उसने किसी भी लड़की की तरफ नजर भर कर नहीं देखा है लेकिन न जाने क्यों मुझे ऐसा लगता है कि वह तुम्हारे लिए कुछ अलग ही फील कर रहा है क्योंकि किसी भी लड़की से इतना अटैच होते हुए मैंने उसे कभी भी नहीं देखा है ,सार्थक का यह बदला हुआ रूप हम लोगों के लिए भी नया है । हम लोग पहली बार सार्थक को इस तरह से खुश और मुस्कुराते हुए देख रहे हैं शायद वह तुम्हारी वजह से हो रहा है । लक्ष्य ने कहा

लावण्या चौक का लक्ष्य को देखने लगी
 
ऐसे क्या देख रही हो मैं सच कह रहा हूं लक्ष्य ने मुस्कुराते हुए कहा तो अगर तुम्हें भी सार्थक के लिए थोड़ी सी भी फीलिंग हो जाए तो मुझे बता देना कहीं ऐसा ना हो कि देर हो जाए और मैं तुम्हें गारंटी देता हूं कि अगर तुमने उसके लिए फील किया तो तुम हमेशा खुश रहोगी कभी भी तुम हर्ट नहीं होगी वह कभी भी तुम्हें नहीं रुलाएगा ।लक्ष्य ने कहा

नहीं लक्ष्य अभी तक मुझे ऐसा कुछ फील नहीं हुआ है और ना ही मैंने इस बारे में कुछ सोचा है ।लावण्या ने अपनी पलके झुका कर कहा

अगर नहीं सोचा है तो सोच लेना क्योंकि मुझे पूरा विश्वास है कि तुम और सार्थक बहुत ही खूबसूरत कपल बन सकते हो और यह मैं मजाक नहीं कर रहा हूं । लक्ष्य ने गंभीरता से कहा

लावण्या चुप रह गयी उसने अपना चेहरा झुका लिया जैसे कुछ सोच रही हो

करीब 1 घंटे बाद लक्ष्य सज सवर के जब कमरे में पहुंचा तो शशांक और सार्थक उसको देखकर उछल पड़े

अमेजिंग ,फैबुलस, मार्बलस कसम से भाई क्या लग रहा है लड़कों से ज्यादा लड़की के रूप में खूबसूरत लग रहा है लक्ष्य सार्थक की आंखें लक्ष्य को देखकर फटी की फटी रह गई

कसम से लक्ष्य बहुत ही खूबसूरत लग रहा है दिल कर रहा है तुझे अपनी गर्लफ्रेंड बना लूं कोई देखकर भाँप ही नहीं सकता

कि तू लड़का है ।शशांक भी कहां पीछे रहने वाला था

अबे ऐसा क्या तैयार कर दिया तेरी उस बंदी ने एक तो उसने मुझे शीशा तक देखने नहीं दिया ऐसा क्या जादू कर दिया उसने ,रुक मैं देख करके आता हूं लक्ष्य भी उन दोनों की बातें सुनकर अपने आपको देखने के लिए मचल गया

भाई नजर मत लगा दियो मेरे लक्षिका को जा जल्दी से देख, तू खुद को ही नहीं पहचान पाएगा कमाल की मेकअप की है उस लावण्या ने बहुत ही सुंदर। शशांक ने कहा

लक्ष्य ने बिना कुछ कहे सुने बाथरूम में घुस गया और वाशबेसिन के सामने लगे हुए सीसे में खुद को देखने लगा

अपने आप को देख कर के लक्ष्य हैरान रह गया कहीं भी किसी भी एंगल से वह लड़का नहीं लग रहा

उसका भी मुंह खुला का खुला रह गया था काफी देर तक वह अपने आप को निहारता रहा उसके होठों पर एक मध्यम सी मुस्कुराहट खेल रही थी मानो वह अपनी ही रूप सौंदर्य में खो गया हो

अबे अब बाहर आजा क्या मेरी लक्षिका को नजर लगाएगा क्या? शशांक ने चिल्लाकर कहा

शशांक की आवाज सुनकर के लक्ष्य बाहर निकला

हाय हाय मेरी छम्मक छल्लो कितनी सोणी लग रही है दिल कर रहा है एक किस कर लूं तुझे शशांक ने लक्ष्य को छेड़ते हुए कहा और आकर जल्दी से जबरदस्ती उसके गले लग गया

पीछे हट मुए सुंदर लड़की देखी नहीं ,कि आ जाते हो करम जले लाइन मारने हाथ लगाया तो हाथ तोड़ दूंगी बदमाश कहीं का मुझे ऐसी वैसी लड़की मत समझना मुझे पटाना आसान नहीं है लक्ष्य ने बड़ी अदा से लड़की की तरह स्टाइल मारी

शशांक और सार्थक खिलखिला कर हंसने लगे

उन दोनों का हंसता हुआ देखकर कि लक्ष्य भी हंसने लगा तभी लावण्या ने कमरे में इंट्री किया

हेलो गाइस मेकअप में कोई कमी तो नहीं है लावण्या ने पूछा

कमी, अरे कमाल का मेकअप किया है तुमने लावण्या अगर हम इसे जानते नहीं हो कि यह हमारा दोस्त है तो हम खुद भी नहीं पहचान पाते की यह लक्ष्य है । क्या खूब लग रहा है लक्ष्य देखो किसी सुंदर लड़की को मात दे रहा है इसे देखकर तो मेरा दिल बेईमान होने लगा है ।शशांक ने मुस्कुराते हुए कहा कहा

सच में लावण्या तुमने कमाल का मेकअप किया है बहुत ही गजब लग रहा है , कोई भी देख कर के लक्ष्य को यह भाप नहीं सकता कि यह लड़की नहीं लड़का है। सार्थक बोला

लावण्या मुस्कुरा कर रह गई

लक्ष्य तैयार ही था शशांक फटाफट तैयार हुआ और दोनों क्लब जाने के लिए रेडी थे ।

लावण्या तुम अपनी बहन की फोटो मुझे भेज दो मैं शशांक को फॉरवर्ड कर देता हूं जिससे तुम्हारी बहन को ढूंढने में

आसानी हो और शशांक तुम मेरी बात ध्यान से सुनो

कोशिश करना कि रजनी के बारे में ज्यादा से जानकारी जुटा पाओ और हां प्लीज गुस्सा मत करने लग ना मेरे भाई

लक्ष्य तू इसको संभालना इसको जल्दी गुस्सा आता है कहीं ऐसा ना हो कि सब बना बनाया काम बिगड़ जाए शशांक भाई प्लीज अपना दिमाग एकदम शांत रखना और कोशिश करना कि बिना झगड़े के और बिना किसी परेशानी के सारा काम हो जाए

। सार्थक ने शशांक को समझाया

अरे तू घबरा मत मैं सब पता कर लूंगा शाम तक रजनी के बारे में सारी डिटेल ला करके तुझे दे दूंगा शशांक में सार्थक को दिलासा दिया

चले जानू अब लेट हो रहा है अब चलते हैं लक्ष्य ने किसी लड़की की तरह सार्थक से कहा

हां चलो मेरी जान शशांक ने भी लक्ष्य का हाथ थाम लिया और दोनों किसी गर्लफ्रेंड ब्वॉयफ्रेंड की तरह बाहर निकल गए

उन दोनों को इस तरह से जाता हुआ देखकर और इस तरह से बातें करते हुए देखकर सार्थक और लावण्या ने एक-दूसरे को देखा उन दोनों की होठों पर मुस्कुराहट थी न जाने क्यो लावण्या की आंखें सार्थक की आंखों में देखने के बाद झुक गई मानो वो शर्मा गई हो

तुम बिल्कुल भी चिंता मत करो लावण्या , तुम्हारी दीदी रजनी

का पता चल जाएगा यह दोनों मेरे बहुत ही स्पेशल दोस्त हैं और मेरे लिए कुछ भी कर सकते हैं तुम देखना शाम तक जरूर से जरूर ऐसा कुछ ना कुछ जरूर लेकर आ जाएंगे जिससे तुम्हें अपनी बहन को ढूंढने में आसानी हो। सार्थक ने कहा

सार्थक मैं क्या बोलूं और कैसे बोलू थैंक यू बोल करके मैं आपका एहसान चुकाना नहीं चाहती हूं सच में जिंदगी में दोस्त होने बहुत जरूरी है आप तीनो की दोस्ती देख कर के मुझे बहुत अच्छा लग रहा है कितने अच्छे और जिगरी दोस्त हो आप लोग काश मेरा भी आप जैसा ही कोई दोस्त होता जो कदम कदम पर मेरी मदद करने के लिए तैयार होता। लावण्या ने कहा

तुम ऐसा क्यों सोच रही हो हम लोग हैं ना अपना ही दोस्त ही समझो । सार्थक ने लावण्या को दिलासा दिया

अच्छा लावण्या उन दोनों की जाने के बाद हम दोनों खाली हो गए हैं और बोर हो जाएंगे एक काम करें चलो किसी कॉफ़ी शॉप पर कॉफी पी कर आते हैं आखिर में अकेले बैठकर करेंगे क्या सार्थक ने कहा

ठीक है सार्थक मैं अभी आई तब तक आप भी तैयार हो जाइए लावण्या ने कहा

ठीक है

शशांक और लक्ष्य ने कैब बुक किया और नाइट क्लब में

पहुंचे दोनों हाथों में हाथ डाल ले किसी कपल की तरह शान से क्लब में एंटर हुए

पूरे क्लब का माहौल अपने उफान पर था पूरा हॉल जोड़ों से भरा हुआ था हॉल में कान फाडू संगीत बज रहा था और फ्लोर पर न जाने कितने कपल थिरक रहे थे

बार काउंटर पर कम से कम 5 या 6 लड़कियां सर्व कर रही थी लोग ड्रिंक लेकर आते और अपने अपने कपल के साथ हॉल में लगी हुई टेबल पर बैठकर इंजॉय कर रहे थे लक्ष्य और शशांक ने चारों तरफ नजर मारी और उन्हें एक खाली टेबल दिखा उस पर जा करके बैठ गए

शशांक अब क्या करें और किस से पता करें लक्ष्य ने शशांक से पूछा

तुम घबराओ मत मैं पूछता हूं शशांक ने इधर उधर नजर दौड़ाई और फिर पास के ही एक बेटर को उसने अपने पास बुलाया

यस सर आपका ऑर्डर बताइए बेटर ने बहुत ही सभ्यता के साथ कहा

टू बीयर एंड शम स्नेक्स प्लीज। शशांक ने कहा

श्योर सर अभी लाता हूं बेटर ने कहा और चला गया

शशांक लक्ष्य बैठकर अपने आर्डर का इंतजार करने लगे थोड़ी देर बाद ही बेटर उनका आर्डर लेकर उनके टेबल पर आया और साथ में बिल भी शशांक ने अपना पर्स निकाला और बिल पे किया

काफी खूबसूरत क्लब है आपका शशांक ने बात करने के लिए बेटर को बोला

जी सर हमारा क्लब गोवा के टॉप टेन क्लब में से एक है यहां पर आने के बाद लोग दोबारा किसी दूसरे क्लब में जाने की सोचते भी नहीं बेटर ने मुस्कुराकर जवाब दिया

तुम कितने साल से यहां पर काम कर रहे हो ।शशांक ने कहा

यही कोई 3 साल हो गए होंगे सर

मुझे आपका क्लब बहुत पसंद आया और तुम भी पसंद आए यह लो बिल और टिप शशांक ने 500 का एक नोट निकाल कर के बेटर को टिप दे दिया

बेटर तो खुशी से खिल गया और शशांक के पैरों में लोट सा गया

थैंक यू सर थैंक यू सो मच ,हम आपको निराश नहीं होने देंगे सर पांच सौ का नोट पाकर के बेटर के चेहरे की खुशी देखते ही बनती थी किसी भी चीज की जरूरत होगी तो सर मुझे आवाज दे दीजिएगा मैं तुरंत आ जाऊंगा थैंक्स ए लॉट सर बेटर ने कहा और आगे बढ़ गया

साले तू पागल हो गया है क्या ₹500 उसे पकड़ा दिए साले बाप के पैसे हैं तो इतना भी मत उडा । लक्ष्य शशांक को इस तरह से ₹500 देता हुआ देख करके बोला

अबे तू शांत हो कर बैठेगा 2 मिनट ,अब देखना यह मेरे ₹500 क्या-क्या गुल खिलाते हैं और तू अपने कैरेक्टर से बाहर मत निकलना किसी ने सुन लिया तो मुसीबत हो

जाएगी हम पकड़े जाएंगे ।शशांक ने फुसफुसा कर लक्ष्य को डांटा

शशांक और लक्ष्य चुपचाप बैठ कर के बीयर पीने लगे

अच्छा सुनो आप बैठो में अभी आता हूं।शशांक ने कहा

अभी जैसे ही शशांक लक्ष्य के पास से उठकर गया तभी न जाने कहां से एक लड़का शक्ल सूरत में बहुत खूबसूरत लग रहा था आकर के लक्ष्य के पास बैठ गया और बोला

वाउ व्हाट ए ब्यूटी सच में लड़कियां बहुत सी देखी लेकिन इतनी ब्यूटीफुल मैंने पहली बार देखी है
 
लक्ष्य को एक जोरदार झटका लगा अजीब सी नजरों से सामने वाले शख्स को देखे जा रहा था जो उसके ऊपर किसी गिद्ध की तरह नजर गड़ा के बैठा हुआ था और उसके होठों पर मुस्कुराहट थी

आप अकेली बैठी हुई हैं , क्या मैं आपको ज्वाइन कर लूं? उस आदमी ने लड़की से कहा

लक्ष्य हल्का सा कसमसाया लेकिन वह शख्स बिना लक्ष्य की हा या ना सुने ही सामने पड़ी कुर्सी पर बैठ चुका था

हाय मेरा नाम राहुल है और आपका उसने अपना हाथ आगे बढ़ाया

लक्ष्य क्या बोलता अभी तो उसका नामकरण भी तो नहीं हुआ था ,अचानक उसके दिमाग में वही नाम गूंज उठा जो शशांक उसे बुला रहा था उसने अपनी आवाज को हद तक लड़की जैसे रखने की कोशिश की और धीरे से बोला

मेरा नाम लक्षिका है

व्हाट अ बयूटीफुल नेम आपकी तरह आपका नाम भी बहुत ही खूबसूरत है आप अकेली क्यों बैठी हैं वह कौन बेवकूफ है जो आपको अकेला छोड़कर चला गया आप किसके साथ आई है। राहुल ने पूछा

मेरे हबी के साथ आई हूं और वो किसी काम से गए हुए हैं

आ रहे हैं , लक्ष्य ने कहा

अच्छा इतनी खूबसूरत लड़की को भी कोई अकेले छोड़ कर जाता है क्या ? कितने नासमझ है उन्हें हीरे की पहचान ही नही है राहुल ने कहा

अच्छा जी आप जौहरी है क्या लक्ष्य को राहुल की बात सुन कर हसी आयी

जी ऐसा ही समझ लीजिए वैसे एआप साधारण हीरा भी नही है कोहिनूर है वैसे जो हुआ अच्छा हुआ वे आपसे दूर है कम से कम आप से मेरी मलाकात तो हो गई यु आर सच ए बयूटीफुल लेडी राहुल ने दिल खोल कर लक्ष्य की तारीफ की

थैंक यू सो मच आप भी अकेले हैं आप के साथ जो आई थी वह आपको छोड़कर भाग गई क्या? लक्ष्य उस राहुल का पूरा मजा लेने के मूड में था

एक पल को राहुल चौका और अगले ही पल हंस पड़ा आप मजाक अच्छा कर लेती हैं ऐसी कोई बात नहीं है बस वह जरा वॉशरूम गई हैं । राहुल ने कहा

अच्छा तभी आप को चांस मिल गया किसी और पे चांस मारने का क्यो राहुल आई एम राइट लक्ष्य ने मुस्कुराते हुए बोला

अब इतना खूबसूरत मौका अगर कोई मिस कर दे तो उससे बड़ा बेवकूफ तो कोई और नहीं है ।राहुल ने कहा

आपके हस्बैंड करते क्या हैं ? राहुल ने लक्ष्य से पूछा

उनका एक्सपोर्ट इंपोर्ट का बिजनेस है और आप आप क्या

करते हैं लक्ष्य ने पूछा

यहां गोवा बीच पर मेरी जेटी है मैं किराए पर देता हूं और इसके अलावा मेरा खुद का एक होटल है उसने अपनी गर्दन आंकड़ा कर कहा

पहली बार लक्ष्य राहुल से कुछ इम्प्रेस हुआ था

इसका मतलब आप काफी रईस हैं । लक्ष्य ने कहा

कुछ ऐसा ही समझ लो वैसे आप गोवा की तो नहीं लग रही हैं कहां से हैं आप ? कहा से आई है? यहां घूमने आई है या हनीमून मनाने आई हैं? राहुल ने पूछा

जी आपने ठीक समझा मैं गोवा की नहीं हूं बट हनीमून मनाने नहीं घूमने आई हूं । लक्ष्य ने कहा

तो कभी आइए हमारे होटल हम आपको स्पेशल ट्रीटमेंट देंगे क्योंकि इतनी ब्यूटीफुल लेडी की खिदमत करके मुझे बहुत खुशी होगी यह रहा मेरा कार्ड जब कभी भी आए आप मुझे कॉल कर लीजिएगा आपके लिए अपना दिल बिछा दूंगा। राहुल ने कहा

तभी एक लंबी सी लड़की चलती हुई राहुल की तरफ आती दिखी ।

राहुल उसे देखते ही सतर्क हो गया

ओके स्वीटहार्ट मैं चलता हूं नाइस टू मीट यू उसने हवा में किस उछालते हुए कहा और तेजी से उस आती हुई लड़की की तरफ चला गया

लक्ष्य को बड़ी जोर की हंसी आई लेकिन उसने अपने आप

को किसी तरीके से कंट्रोल किया लेकिन ओठो पर आने वाले मुस्कुराहट को नहीं रोक पाया

तभी शशांक लक्ष्य की तरफ आता हुआ दिखा

क्या हुआ शशांक कुछ पता चला। लक्ष्य ने शशांक से पूछा

हां थोड़ा बहुत तो पता चला बहुत ज्यादा जानकारी तो नहीं हुई लेकिन उस बेटर को मैंने जो ₹500 दिया था उसने थोड़ी बहुत जानकारी हमें दिया उसने बोला कि नीचे कैसीनो चलता है उसी में अभी कुछ दिन पहले ही कुछ लड़कियां आई हुई है क्या पता वह वहीं पर हो शशांक ने कहा

कैसीनो मतलब नीचे जुआ भी होता है क्या ? लक्ष्य ने पूछा

होता होगा क्या पता मैं भी तो पहली बार ही आया हूं । शशांक ने कंधे उचका कर कहा

भाई ऐसे छोड़कर मुझे मत जाया कर , नहीं तो यह तेरा दोस्त किसी को मुंह दिखाने के काबिल नहीं रह जाएगा । लक्ष्य ने मुह बना कर कहा

क्यों बे क्या हुआ शशांक ने आश्चर्य से पूछा

भाई अभी एक आदमी आया था और फुल फ्लैश ट्राई कर रहा था,खुला लाइन मार रहा था। वह तो उसकी बीवी या गर्लफ्रेंड कौन थी वापस आ गई और उससे पीछा छूटा नहीं तो वह कुछ और ही इरादा करके बैठा था यह देख अपना कार्ड वगैरह देकर गया था लक्ष्य ने कार्ड निकाल कर शशांक को दे दिया

शशांक के ओठो पर मुस्कुराहट आ गई

सही है साले अब तुझे एहसास होगा कि किसी लड़की पर क्या बीतती है जब तू उसपर अपनी छिछोरी हरकते ट्राई करता है शशांक बोला

और तभी कुछ सोचकर उसकी आंखें चमक गई

यार लक्ष्य तू एक काम कर उसे सीशे में उतार और फिर उसे लेकर के नीचे जा क्योंकि मुझे ऐसा लग रहा है कि यह बंदा परमानेंट मेंबर है उसे इस क्लब में और इसके बारे में बहुत अच्छी खासी जानकारी है । शशांक ने कहा

अबे साले पागल हो गया है क्या? वह साला ठरकी है मुझे वो कहीं का नहीं छोड़ेगा उसकी नियत ठीक नहीं लग रहा है कहीं कुछ उल्टा उल्टा कर दिया तो मैं नही जाऊंगा उसकी साथ वह मुझे ऐसे देख रहा था जैसे कच्चा चबा जाएगा । लक्ष्य ने तुनक कर कहा

अबे क्या कर लेगा वो तू भूल रहा है कि तू एक लड़का है तू उसे लेकर के नीचे जा और रजनी को ढूढ अगर वो मिल गयी तो उस तक किसी तरीके से मैसेज पहुंचा दें कि उसकी बहन लावण्या उसे ढूंढने के लिए गोवा में आई है और परेशान हैं। रजनी कितनी भी बुरी क्यों ना हो अगर एक बार उस तक यह मैसेज पहुंच गया कि लावण्या आई है तो वह जरूर से जरूर उससे मिलने के लिए आ जायेगी। एक छोटा सा काम ही करना है तुझे ।शशांक बोला

साले ये छोटा सा काम है वो साला राहुल अपनी मस्त सी पार्टनर को छोड़ कर मेरे पीछे हाथ धोकर पड़ा है और

सरेआम पटाने की कोशिश कर रहा है और तू कह रहा है छोटा सा काम ठीक है बेटा किसी दिन तू भी अगर मेरे कब्जे मी आ गया तब बताऊंगा। लक्ष्य ने कहा

अबे अब ज्यादा नाटक मत कर मैं तेरे नंबर पर रजनी की फोटो व्हाट्सएप कर देता हूं और भाई तू कैसे भी करके ये काम कर । शशांक ने कहा

और राहुल के साथ जो लड़की है वह कहां जाएगी वह भी तो हमारे साथ साथ रहेगी।लक्ष्य ने कहा

तू उसकी चिंता मत कर उसे तेरा भाई संभाल लेगा बस तू किसी तरीके से इस राहुल को शीशे में उतार ले बस। शशांक ने कहा

चल ट्राई करता हूं ,साले तुम दोनों के चक्कर में ना मैं जरूर से जरूर मरूंगा पहले लड़की बना दिया और अब यह सब, हे बजरंग बली आज मेरी इज्जत आबरू की लाज रखना भगवान तुम्हे सवा किलो देसी घी की लड्डू चढ़ाऊंगा ,लक्ष्य ने कहा और उठ खड़ा हुआ

कहा पर है वो तेरा दीवाना आशिक राहुल ।शशांक ने कहा

वह देखो वह बैठा हुआ है ।लक्ष्य बोला

जा फिर लग जा अपने काम पर ।शशांक ने कहा

सबसे पहले तू जाकर उसे उस लड़की से अलग कर तभी तो मैं अपना कार्यक्रम शुरू कर पाऊंगा । लक्ष्य ने कहा

शशांक उठा और सीधा जाकर के उस राहुल के पीछे वाले टेबल पर बैठ गया

वह जहां बैठा था वहां से राहुल की पीठ और उस लड़की का चेहरा दिख रहा था जो राहुल के साथ बैठी हुई थी

शशांक ने एक बियर मंगाया और बहुत ध्यान से उस लड़की को देखने लगा बिल्कुल एकटक बिना पलक झपकाए

पहले तो उस लड़की ने ध्यान नहीं दिया लेकिन जब शशांक को लगातार एकटक अपनी तरफ देखता हुआ पाया तो उसने अपनी नजरें उठाकर के शशांक के नजरों से मिलाया वह बहुत देर से यह सब देख रही थी शशांक उसे देख कर आराम से बीयर की चुस्की ले रहा था वह लड़की बार बार शशांक को नजर उठा कर देखती और फिर उसने भी शशांक की आंखों में नजर गड़ा दिया दोनों की नजर मिलते ही शशांक ने मुस्कुराकर उसे एक आमंत्रण दिया

जवाब में वह भी लड़की भी हल्के से मुस्कुरा दी

शशांक को अपना काम बनता हुआ लगा

शशांक धीरे-धीरे बियर की चुस्कियां ले रहा था और एकटक उसकी नजर उसी लड़की पर जमी हुई थी लड़की भी राहुल से बातें करते करते नजर उठा कर के शशांक को देख लेती और फिर अपनी नजरें झुका कर के बात करने लगती

करीब 10 मिनट बाद शशांक ने वहीं से ही उसे अपने पास आने का ऑफर दिया

लड़की ने इधर-उधर देखा और फिर इशारों से ही शशांक को एक कोने में मिलने के लिए कहा शशांक उठकर के एक कोने में चला गया और उसका इंतजार करने लगा

वह लड़की भी करीब 2 मिनट बाद वहां से उठी और धीरे-धीरे शशांक के पास आने लगी

शशांक के पास जाकर के वह लड़की खड़ी हो गई

हाय मेरा नाम शशांक है और आपका शशांक ने कहा

मेरा नाम नैंसी है , बाई द बे आप ने बहुत अच्छे से खुद को ढाल रखा है आई एम इम्प्रसेड लड़की ने मुस्कुरा कर कहा उसे शशांक का कसरती बदन भा गया था

थैंक यू वैसे आपके पास की नजर कमजोर है क्या शशांक ने नैंसी से पूछा

नहीं, क्यों? ऐसा क्यों कह रहे हैं ? लड़की ने आश्चर्य से पूछा उसको कुछ भी समझ में नहीं आया

मैं इसलिए कह रहा हूं क्योंकि आप जैसी खूबसूरत और हॉट लड़की उस आदमी के साथ यह बात कुछ हजम नहीं हुई अरे कम से कम अपने स्टैंडर्ड के हिसाब से लड़का तो चूज कर लेती शशांक मुस्कुराते हुए बोला

यू बास्टर्ड लड़की ने झूठ मुट का गुस्सा दिखाया और खिलखिला कर हंस पड़ी

अरे सच में उसके साथ तो आप ऐसे लग रही थी जैसे अंगूर के साथ लंगूर

अच्छा मुझपर लाइन मार रहे हो क्या? लड़की ने अदा के साथ मुस्कुरा कर कहा

हां कोशिश तो यही कर रहा हूं अब बाकी आपके ऊपर डिपेंड करता है की आप कनेक्शन जोड़ती है या झटका देती है ।

शशांक बोला

और अगर मैं ना कह दूं तो नैंसी ने फिर से एक बार मुस्कुरा कर ही पूछा मानो शशांक को तड़फा रही हो

तो मैं यह समझूंगा कि आपने एक बहुत ही खूबसूरत और सुनहरा मौका खो दिया क्योंकि शशांक कुछ लड़कियों से ही इंट्रेप्ट होता है जो उसके दिल को भा जाती हैं और आप मेरे दिल को इतना भा गई है कि मैं आपके साथ डांस करना चाहता हूं शशांक ने कहा

ओके शशांक आप भी मुझे पसंद आए बस आप मुझे 5 मिनट दीजिए मैं अभी आती हूं । नैंसी ने कहा

ओके आई एम वेटिंग शशांक ने कहा

नैंसी के शशांक के पास जाते ही लक्ष्य तुरंत ही राहुल के पास आ गया

आपकी पार्टनर अभी तक आई नहीं क्या लक्ष्य मुस्कुराते हुए राहुल से बोला

आयी थी लेकिन कही गयी है अच्छा है ना चली गयी कम से कम इसी बहाने आपसे और बात करने का मौका मिल गया आइये बैठिए ना खड़ी क्यों है ।राहुल लक्ष्य के पैरों में मानो गिरते हुए बोला

राहुल जी मुझे ऐसा लग रहा है की आप यहां पर आते जाते रहते हैं तो आप बताइए यहां पर बेस्ट क्या है क्योंकि मुझे डांस में कोई इंटरेस्ट नहीं है और मैं यहां पर बोर हो रही हूं मेरे हस्बैंड को डांस पसंद है उन्होंने मुझसे डांस करने के लिए

कहा लेकिन मैंने मना कर दिया।लक्ष्य बैठते हुए बोला

अरे लक्षिका आप भी बिल्कुल मेरी तरह से ही है । मुझे भी डांस में बिल्कुल भी इंटरेस्ट नहीं है हां मेरी गर्लफ्रेंड को डांस करना पसंद है। राहुल ने कहा

तो एक काम करें क्यों ना हम और आप कुछ और करें और आपकी गर्लफ्रेंड और मेरे हस्बैंड डांस करें क्या कहते हैं ।लक्ष्य ने कहा

बहुत ही जबरदस्त मुझे आपका यह आइडिया बहुत पसंद आया और आपके साथ तो जो भी होगा बड़ा मजेदार होने वाला है राहुल ने कहा

तभी नैंसी राहुल के पास आई और बोली

हेलो स्वीटहार्ट

नैंसी को देख करके राहुल उठने लगा

कोई बात नहीं हनी बैठे रहो नो प्रॉब्लम नैंसी मुस्कुराते हुए बोली मैं आपको यह बोलने आई थी कि आप को डांस करने में तो इंटरेस्ट है नहीं तो मैं एक काम करती हूं किसी और के साथ जॉइन कर लेती हूं और आप भी किसी और के साथ ज्वाइन कर लीजिए अब आए ही हैं तो अपनी अपनी पसंद का काम करें ।नैंसी ने मटकते हुए बोला

ओके डीयर सच में तुम कितना केयरिंग हो थैंक यू सो मच मुझे उस बोरिंग डांस से बचाने के लिए। राहुल ने नैंसी को कहा वह भी तो यही चाहता था कि उसे लक्ष्य के साथ ज्यादा से ज्यादा समय मिल जाय

ओके फिर आप इंजॉय कीजिए और मैं भी जा रही हूं डांस करने टेक केयर सी यू नैंसी ने हाथ हिलाकर कहा और चली गई

राहुल को मानो मुंह मांगी मुराद मिल गई हो वह मुस्कुराते हुए लक्ष्य की तरफ देखरहा था और बोला

तो बताइए लक्षिका जी यह नाचीज़ आपकी क्या खिदमत कर सकता है

मुझे कुछ भी नहीं पता राहुल मैं यहां पहली बार आई हूं इसीलिए तो मैंने आपसे पूछा कि यहां पर क्या इंटरेस्टेड है डांस के अलावा मेरे हस्बैंड को डांस पसंद है इसीलिए वह क्लब में लेकर आए लेकिन मुझे बिल्कुल भी पसंद नहीं है तो आप बताइए यहां पर डांस के अलावा और क्या है लक्ष्य बोला

क्या है ? क्या है? क्या है ? राहुल सोचते हुए बोला

क्या आप ड्रिंक करना चाहेंगी । राहुल ने कहा

नहीं कुछ और लक्ष्य ने बुरा सा मुह बनाकर कहा

अचानक जैसे राहुल की आंखें चमक उठी

ओके मैं आपको एक ऐसी जगह ले चलता हूं जहां आपको बहुत मजा आएगा आइए मेरे साथ राहुल ने लक्ष्य का हाथ पकड़कर उसे उठाया

लक्ष्य के होठों पर एक मुस्कुराहट फैल गई वह जैसा सोच रहा था ठीक वैसा का वैसा ही उसके साथ हो रहा था

राहुल चलता हुआ एक छोटे से दरवाजे के पास गया जिसके

बाहर दो गार्ड तैनात थे

राहुल ने अपनी जेब से एक कार्ड निकाला और उस कार्ड को देते हुए बोला नीचे जाना है

गार्ड ने देखा और तुरंत ही उसने गेट खोल दिया

लक्ष्य का दिल एक बार जोर से धड़का कहीं कुछ गड़बड़ ना हो जाए यह ख्याल दिल में आते ही लक्ष्य को एक बार कपकपी छूट गई लेकिन फिर उसने अपना हिम्मत बटोर कर अपने कदम आगे बढ़ा दिए

दरवाजा खुलते ही वहां सीढिया नजर आयी वह नीचे जा रही थी नीचे शायद बेसमेंट था

लक्ष्य राहुल के पीछे पीछे चलते हुए बेसमेंट में पहुंचा

वहां का कुछ अलग ही माहौल था सिगरेट शराब की स्मेल चारों तरफ फैली हुई थी बहुत सारी अधनंगी सी लड़कियां ला ला कर के सिगरेट और शराब सर्ब कर रही थी लगभग लगभग सभी टेबलो पर जुआ खेला जा रहा था

लक्ष्य ने चारों तरफ नजर दौड़ाई हॉल में लगभग 6 तगड़े तगड़े से बाउंसर तैनात थे

ये क्या है राहुल ? लक्ष्य ने जानबूझकर अनजान बनते हुए पूछा

यहां पर किस्मत का खेल होता है लक्षिका और आज मैं तुम्हारी किस्मत के भरोसे खेलूंगा देखता हूं तुम्हारा साथ क्या गुल खिलाता है। राहुल ने कहा

राहुल ने जाकर के काउंटर पर अपना कार्ड दिया और न जाने

कितने का टोकन ले लिया और फिर एक काउंटर पर जाकर के जुवा खेलने लगा
 
लक्ष्य का मन बिल्कुल भी नही लग रहा था उसको घबराहट हो रही थी वह तो बार-बार इधर-उधर नजरे दौड़ा करके कहीं से भी रजनी के शक्ल की लड़की को ढूंढने की कोशिश कर रहा था

राहुल जुआ खेलने में व्यस्त हो चुका था वह बार-बार लक्ष्य से पूछ कर ही नंबर लगाता और लक्ष्य अनमने भाव से कोई ना कोई नंबर बता देता उसके दिमाग में तो कुछ दूसरा ही चल रहा था

राहुल तुम बैठो मैं एक ड्रिंक ले करके आती हूं लक्ष्य ने कहा

राहुल ने कोई जवाब नहीं दिया और लक्ष्य उठकर के ड्रिंक लेने के लिए चला गया

उसने पूरे हाल में ध्यान से नजर दौड़ाई और फिर अचानक से उसकी आंखों में चमक आ गई

एक लड़की चमकीले रंग की टॉप और छोटी सी स्कर्ट पहने हाथों में प्लेट लिए किसी कस्टमर को बाइन सर्ब कर रही थी

हालांकि लक्ष्य ने अच्छे से उसका चेहरा नहीं देखा लेकिन उसे लगा जैसे इस लड़की को उसने पहले कहीं देखा है

उसने जल्दी से अपना मोबाइल निकाला और रजनी की फोटो देखी तभी अचानक है वह लड़की मुड़ी और उसके नजरों के सामने आते ही लक्ष्य उछल गया

वह रजनी ही थी

लक्ष्य ने चारों तरफ नजर डाली और लड़कियां बिल्कुल बिंदास मस्त हंसती मुस्कुराती हुई अपना काम कर रही थी लेकिन उन सब के अपेक्षा रजनी बिल्कुल खामोश और उदास थी मानो बड़ी मजबूरी में वह यह सब करने के लिए राजी हुई थी और बार-बार उस छोटे से स्कर्ट को नीचे खींचने का असफल प्रयास करती जिससे उसकी पिंडलियों अच्छे से ढक जाए लेकिन उसका वह प्रयास असफल ही रहता

लक्ष्य उसके पास चलता हुआ गया और बोला एक्सयूज मी

कैन यू गिव मी ए बियर प्लीज

या स्योर आप बैठिए मैं अभी लाती हूं रजनी ने अपने होठों पर मुस्कुराहट लाने का प्रयास किया

लक्ष्य पास के पड़े टेबल पर बैठ गया और रजनी के आने का इंतजार करने लगा

थोड़ी देर बाद रजनी बीयर लेकर आई और उसे टेबल पर रख दिया जैसे ही वह झुक करके ओपनर से खोलने लगी लक्ष्य ने अपने असली आवाज में कहा

रजनी मेरी बात ध्यान से सुनो बिल्कुल भी चौंकना मत और ऐसे ही झुकी रहना और ओपनर से बोतल खोलने का नाटक करती रहना

तुम्हें ढूंढते ढूंढते तुम्हारी बहन लावण्या यहां गोवा में आई है और वह बड़ी मुसीबत में है उसने तुमसे मिलने की बहुत बहुत कोशिश की लेकिन किसी ने भी तुमसे उससे मिलने नहीं दिया मेरा नाम लक्ष्य है और मैं सिर्फ और सिर्फ तुम्हारे लिए

ही क्लब में लड़की बन कर आया हूं क्योंकि लावण्या ऐसा चाहती थी

रजनी की आंखों में खौफ पसर गया उसने चारों तरफ निगाह डाली उसे डर था कि कहीं उसकी बात कोई सुन ना रहा हो

उसने लक्ष्य की आंखों में देखा वह बुरी तरह से घबराई और डरी हुई थी

तुम डरो मत हम तुम्हारे दोस्त हैं बस कैसे भी करके एक बार लावण्या से मिल लो तुम थोड़ी देर के लिए और अगर तुम्हें उससे बात करनी हो तो मुझे कुछ लिखने के लिए दे दो जिस पर मैं उसका नंबर लिखकर तुम्हें दे दूं फिर तुम मौका मिलते ही खुद उससे बात कर लेना

लक्ष्य की बातें सुनकर के रजनी की आंखें फटी की फटी रह गई वह सीधी हो गई और अभी भी आस्चर्य से लक्ष्य को ही देख ही रही थी।

थोड़ी देर बाद लावण्या तैयार होकर सार्थक के पास आई ,वह बहुत खूबसूरत लग रही थी।

पहली बार सार्थक ने उसे नजर भर के देखा

सार्थक को अपनी तरफ ऐसे देखता हुआ देख करके लावण्या के गाल गुलाबी हो गए वह शरमा गई उसके ओठो पर एक मुस्कुराहट आ गई

यू आर लुकिंग ब्यूटीफुल लावण्या रियली सार्थक ने दिल से तारीफ की

थैंक यू सो मच सार्थक अब हम चलें लावण्या ने मुस्कुराते हुए कहा

हां हां चलिए सार्थक बोला

दोनों पैदल ही होटल के बाहर निकल गए

थोड़ी दूर पर काफी शॉप थी ,और दोनों का मंजिल वहीं पर थी

सार्थक और लावण्या दोनो कॉफी शॉप में जाकर के एक टेबल पर आमने सामने बैठ गए थे उन्होंने दो कप कॉफी का

आर्डर दिया।

दोनों एक दूसरे को देख करके मुस्कुरा रहे थे और झिझक रहे थे। उन्हें समझ मे नही आ रहा था कि क्या बाते करे ।

आप तीनों बचपन के दोस्त हैं क्या ? आखिर में लावण्या ने बात करना शुरू किया ।

जी हां बचपन से ही दोस्त है और बहुत ही जिगरी दोस्त है इन दोनों ने मेरी बहुत हेल्प की है । इन दोनो का एहसान मैं कभी जिंदगी में नहीं चुका पाऊंगा दोनों मेरे लिए हर वक्त हर मुसीबत में तैयार रहते हैं न जाने कितनी बार इन्होंने मुझे परेशानियों से निकाला है ।सार्थक बोला

वह तो दिख ही रहा है सार्थक ,आप तीनों की दोस्ती देख कर के मुझे बहुत अच्छा लगा। लावण्या ने कहा

आपके कोई दोस्त नहीं है क्या कोई फ्रेंड , ब्वॉयफ्रेंड सार्थक ने डरते डरते लावण्या से पूछा

बॉय फ्रेंड का नाम सुनते ही लावण्या ने चौक कर अपना चेहरा उठाया और सार्थक को देखा

सार्थक सहम सा गया वह पछताने लगा कि उसने ऐसा सवाल क्यों पूछा

और सार्थक को इस तरह से डरते हुए देख कर लावण्या के ओठो पर एक मुस्कुराहट आ गई

नहीं मेरा कोई बॉयफ्रेंड नहीं है एटलिस्ट मैंने कभी इन सब के बारे में सोचा ही नहीं वैसे तो एक दो लड़कियां हैं जिन्हें में अपनी फ्रेंड कह सकती हूं लेकिन कभी भी किसी लड़के से

मैंने फ्रेंडशिप नहीं की है । लावण्या ने हुए कहा

और आपकी ? आपकी कोई गर्लफ्रेंड है क्या ? लावण्या ने सार्थक की आंखों में झांक कर देखा और पूछा

नहीं सेम हियर । सार्थक ने छोटा सा जवाब दिया

आप तो इतना इंटेलिजेंट,बेल मैंनर्ड है फिर भी आपसे किसी ने दोस्ती नहीं की । लावण्या ने सार्थक से पूछा

क्योकि मुझे ये सब आता ही नही और शायद वेल मैनर्ड हु इसीलिए आज तक किसी से बात ही नही की । सच बताऊ तो लावण्या मुझे लड़कियों से बात करने में झिझक सी लगती है तो मैं आज तक किसी से भी नजर से नजर मिला कर बात नहीं कर पाया तो दोस्ती कहां से कर लेता आप पहली लड़की हैं जिससे मैंने इतनी सारी बातें की है। सार्थक ने कहा

झिझक किस बात की लगती थी ,क्या लडकिया आपको खा जाती ।लावण्या मुस्कुराते हुए बोली

नही बस डर लगता था कि किसी को बुरा न लग जाए ।सार्थक ने झेंपते हुए कहा

तो मुझसे क्यों की , मुझसे डर नहीं लगा क्या ? लावण्या ने मुस्कुराते हुए कहा

शायद नहीं या फिर वह जो दो बार आप मुझ से टकराई थी इसी वजह से मैने आपको लाइटली ले लिया या मेरा झिझक खत्म हो गया क्योंकि आप खुद डरी हुई थी और घबराई थी सार्थक ने कहा

लावण्या खिलखिला कर हंस पड़ी

आपको एक बात बताऊं लावण्या बुरा तो नहीं मानेगी सार्थक ने पूछा

बताइए लावण्या ने कहा

आपका नाम लेकर के लक्ष्य मुझे चिढ़ाने लगा है अब तक तो मैं ही उसकी खिंचाई करता था ना , तो अब तक तो उसको कोई रीज़न नहीं था जिससे वह मेरी टांग खींचता लेकिन जब से आप मिली है तब से आपके नाम पर ही सारा बिल फाड़ देता है सार्थक ने शरमाते और मुस्कुराते हुए लावण्या को बताया

होता है दोस्तों के बीच में चलता है अगर बात ना भी हो तब भी दोस्त टांग खींचने का मौका नहीं छोड़ते हैं और फिर आप तीनों तो इतने गहरे दोस्त हैं तो एक दूसरे की सारी बातें आपको पता होगी । लावण्या ने कहा

आपके घर में कौन-कौन हैं? सार्थक ने लावण्या से पूछा

मेरे मम्मी पापा और यह मेरी बहन रजनी है । लावण्या ने जवाब दिया

कोई भाई नहीं है सार्थक ने पूछा

नहीं मेरे कोई भाई नहीं है वैसे तो बड़े पापा और चाचा के लड़के हैं लेकिन सगा भाई कोई नहीं है लावण्या बोली

वैसे आप बहुत साहसी है अनजान शहर अनजान लोग आपको डर नहीं लगा की अकेले यह सब कैसे कर पाऊंगी अपनी बहन रजनी को कैसे ढूंढ पाऊंगी । सार्थक ने पूछा

क्यों नहीं लगेगा डर तो बहुत लगा था आप लोगों से मिलने से

पहले हर वक्त डर के साए में ही मेरा दिन गुजरता था पर पता नहीं क्यों आप लोगों के मिल जाने के बाद मेरा सारा डर खत्म हो गया ।लावण्या ने कहा

ये आप ने सही कहा याद है जब पहली बार आप मुझ से टकराई थी इतनी डरी और घबराई हुई थी आपके चेहरे का डर देख कर के ही मेरा सारा गुस्सा भाग गया था और आपके ऊपर तरस आ गया था

तभी कॉफी आ गई दोनो कॉफी पीते पीते बातें करने लगे

दोनों एक दूसरे के घर परिवार के बारे में पढ़ाई कालेज और पहली मुलाकात में जो भी संभव था सारी बातें करने लगे कॉफी खत्म हुई और दोनों उठ पड़े हुए

सार्थक ने कॉफी का पैसा चुकाया और फिर दोनों बाहर निकल आए

सार्थक ने घड़ी देखी अभी सिर्फ और सिर्फ पौना घंटा बीता था

आप गोवा पहली बार आई है कि इसके पहले भी कभी आई है सार्थक में पूछा

नहीं फर्स्ट टाइम आई हूं। लावण्या ने कहा

अभी तो 1 घंटे भी नहीं बीते अभी होटल में जाकर क्या करेंगे आइए चलते हैं कहीं पर घूमने क्या आप चलना चाहेंगी। सार्थक ने लावण्या से पूछा

लावण्या एक पल को सोचने लगी

अगर नहीं जाने का मन है तो आप मना कर सकती है इट्स

ओके कोई बात नहीं लावण्या को सोचते हुए देखकर सार्थक तपाक से बोला

नही नही ऐसी कोई बात नहीं है कहां चलना है बताइए होटल चल कर भी क्या करना है । लावण्या झेंपते हुए बोली

चलिए बीच पर चलते हैं सुना है इस समय वहा बहुत ही सुंदर नजारा दिखता है । सार्थक ने कहा

ओके ठीक है चलिए

सार्थक को सड़क के उस पार जाना था क्योकि दूसरी तरफ से ही जाना था उन्हें लावण्या और सार्थक दोनों सड़क पार करने लगे

अभी बे दोनो बीच सड़क में ही थे की बहुत तेज रफ्तार गाड़ी उन्हें अपनी तरफ आते हुए दिखाई पडा ।

सार्थक तो किनारे था लेकिन लावण्या उसके पीछे थी वह इतनी तेज रफ्तार गाड़ी देख कर के सहम गई और वहीं पर खड़ी हो गई

उसकी आंखों में खौफ भर आया क्योंकि गाड़ी कुछ ज्यादा ही स्पीड में थी वह डर के मारे अपनी आंखें बंद कर ली और एक जगह खड़ी हो गयी

अचानक से सार्थक ने लावण्या का हाथ पकड़ा और जोर से अपनी तरफ खींचा

लावण्या सीधा आ करके सार्थक से टकराई सार्थक ने उसे अपनी बांहों के घेरे में छुपा लिया लावण्या डर से चीख पड़ी और सार्थक से लिपट गई वह बुरी तरह डरी हुई थी

गाड़ी उसके बगल से स्पीड से निकल गई अगर सार्थक को एक पल भी देर हो जाती तो लावण्या के साथ हादसा भी हो सकता था क्योंकि गाड़ी चलाने वाले शायद नशे में थे

लावण्या डर से थरथर कांप रही थी सार्थक ने उसे अपनी बांहों में समेटा हुआ था और तसल्ली दे रहा था

सार्थक ने उसे पकड़कर के चलने लगा किनारे फुटपाठ पर पहुच कर जब उसकी आंखों में थोड़ा सा खौफ कम हुआ तो वह सामान्य हुई।

थैंक यू सो मच सार्थक मैं बहुत ही बुरी तरह से डर गई थी सच में अगर आज तुम ना होते तो मैं आज तो गई थी । कितने बदतमीज लोग है ऐसा लगता है रोड इनके बाप की है इतनी घटिया तरीके से ड्राइव कर रहे हैं लावण्या के चेहरे पर अभी हल्का हल्का सा खौफ था

शायद शराब के नशे में होंगे इसीलिए इतनी तेज स्पीड में चला रहे है अब तुम ठीक हो बिल्कुल चिंता मत करो । सार्थक बोला

लावण्या के हाथ पैर अब भी कपकपा रहे थे,हादसे का सोच कर ही उसके शरीर मे झुरझुरी सी दौड़ गयी उसने अपने सूखे ओठो पर जीभ फिराई ।

पानी पीना है तुम्हें रुको मैं तुम्हारे लिए पानी लेकर आता हूं सार्थक ने कहा

उसने इधर उधर नजर डाला और फिर उसे सामने ही एक दुकान दिखा और वह पानी लेने के लिए चला गया

पानी की बोतल ला करके उसने लावण्या को दिया लावण्या ने पानी पिया और तब जाकर के वह नॉर्मल हुई

आर यू ओके लावण्या? सार्थक ने पूछा

या आई एम ओके लावण्या ने कहा

गुड मैं अब कैब बुक करता हूँ बीच पर चलने के लिए

इतना कहकर सार्थक कैब बुक करने में लग गया

थोड़ी देर बाद कैब आ गई और दोनों बैठ करके बीच पर जाने लगे हम

शायद लावण्या ने पहली बार बीच देखा था वह बहुत खुश थी और किसी तितली की तरह चहक रही थी उससे सब कुछ बहुत ही अच्छा लग रहा था हालांकि कम कपड़े पहन कर बीच पर पड़ी हुई लड़कियों को देख कर के उसे हल्की सी शर्म भी आ रही थी लेकिन उसे खूबसूरत सा चांद ठंडी ठंडी हवा और यह समुद्र की लहरें बहुत मन भावनी सी लग रही थी
 
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